डुहिया गांव में राप्ती नदी किनारे शनिवार की शाम मजदूर की लाश मिली। गला कसकर हत्या करने के बाद तेजाब से उसे जलाया गया था। ग्रामीणों की सूचना पर पहुंचे घर के लोगों ने शिनाख्त करने के साथ ही हत्या का आरोप लगाते हुए तहरीर दी। मजदूर को दोपहर में नदी किनारे साथियों के साथ शराब पीते हुए लोगों को दिखा था।
खोराबार प्रतिनिधि के अनुसार लालपुर टीकर गांव के भटवा टोला के रहने वाले रामकृपाल (35) मजदूरी करते थे। तीन भाइयों में वे सबसे बड़े थे। उनकी पत्नी मीना आजाद चौक पर रहकर बेटी को पढ़ाने के साथ ही दाई का काम करतीं हैं। शनिवार की सुबह आठ बजे रामकृपाल घर से निकले थे। दोपहर में कुछ लोगों ने उन्हें डुहिया गांव में राप्ती नदी किनारे कुछ युवकों के साथ शराब पीते देखा था। शाम पांच बजे के करीब चरवाहों ने नदी किनारे एक व्यक्ति की लाश देखी। सूचना मिलने पर लालपुर टीकर गांव के लोग भी पहुंच गए। शव की पहचान करने के बाद जानकारी रामकृपाल के भाई प्रभाकर और भूमिधर को दी।
जानकारी मिलने पर सीओ कैंट अभय मिश्रा, एसओ खोराबार जैसराज यादव मौके पर पहुंच गए। रामकृपाल के गले पर चोट के निशान थे। सीने पर व कमर के नीचे से लेकर पैर तक शरीर की चमड़ी जली थी। घर के लोगों ने किसी के साथ दुश्मनी होने से इन्कार किया है। एसपी (सिटी) हेमराज मीणा ने बताया कि पोस्टमार्टम के बाद मजदूर की मौत का कारण स्पष्ट हो जाएगा। मामले की छानबीन चल रही है।