सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के ब्रांच मैनेजर समेत तीन के खिलाफ पुलिस ने बृहस्पतिवार की रात जालसाजी का केस दर्ज किया। सहजनवां के रहने वाले पीड़ित ने खाते से एक लाख रुपये निकाले जाने पर एसएसपी को प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी।
छानबीन के बाद बृहस्पतिवार की रात पुलिस ने आरोपियों पर केस दर्ज कर लिया। सहजनवां, मल्हीपुर के रहने वाले कमल यादव की सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के पैडलेगंज शाखा में अकाउंट है। बैंक शाखा बेतियाहाता में स्थित अवध कॉम्पलेक्स में चलती है। कमल का आरोप है कि उनके अकाउंट में 1.25 लाख रुपये थे। 30 अक्टूबर को रुपया निकालने पहुंचे तो खाते मेें केवल पांच हजार रुपये होने की जानकारी मिली।
छानबीन में पता चला कि कमल का हस्ताक्षर कर 19 सितंबर को खाते से किसी ने 1.20 लाख रुपये निकाल बांसगांव, हरनही के रहने वाले शिव जायसवाल के नाम से ड्राफ्ट जारी कर दिया गया था। विड्राल फार्म देखने के बाद हस्ताक्षर फर्जी होने की जानकारी कमल ने बैंक के शाखा प्रबंधक एनके सिंह को दी लेकिन उन्होंने कोई मदद करने से इन्कार कर दिया। पीड़ित ने एसएसपी को प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग किया था।
एसएसपी के निर्देश पर बृहस्पतिवार की रात कैंट पुलिस बैंक के शाखा प्रबंधक एनके सिंह, बांसगांव, हरनही के रहने वाले शिव जायसवाल और बैंक के अज्ञात कर्मचारी के खिलाफ फर्जी दस्तावेज तैयार कर जालसाजी करने का केस दर्ज किया। एसओ कैंट श्यामलाल यादव ने बताया कि मामले की छानबीन चल रही है।