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नेपाल बार्डर पर हेराफेरी करने वाले पुलिसकर्मियों पर केस होगा

Wed, 02 Mar 2016 12:12 AM IST
गोरखप़ुर। अमर उजाला ब्यूरो
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गोरखपुर। नेपाल बार्डर पर तस्करी के मामले में दोषी मिले पुलिसकर्मियों पर आईजी ने मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया है। अक्तूबर में शिकायत के बाद एसपी महराजगंज ने डीआईजी के निर्देश पर सभी को लाइन हाजिर कर दिया था।
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बहाल होने पर दोबारा सभी पुलिसकर्मियों की सोनौली में पोस्टिंग होने और फिर से हेराफेरी शुरू करने की शिकायत पर आईजी ने मंगलवार को कार्रवाई का निर्देश दिया। पुलिसकर्मियों के खिलाफ कैंट थाने में मुकदमा दर्ज करने के बाद जांच के लिए महराजगंज भेजा जाएगा।

मधेश आंदोलन के चलते सितंबर 2015 से नवंबर 2015 तक नेपाल मे सामान लेकर जाने वाली गाड़ियों की एंट्री प्रभावित हो गई थी। बार्डर पर दोनों तरफ गाड़ियों की लंबी लाइन लगी थी। उस दौरान सोनौली पुलिस चौकी के प्रभारी और पुलिसकर्मियों पर गाड़ी चालकों से नेपाल में एंट्री के नाम पर वसूली की शिकायत मिली थी।
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तत्कालीन डीआईजी आरके चतुर्वेदी ने जांच कराने के बाद एसपी को कार्रवाई का निर्देश दिया था। इसी क्रम में चौकी प्रभारी भरत यादव, सिपाही रामानुज यादव, रामप्रीत, हेम नारायण, रामप्रवेश यादव, उमेश को हटा दिया गया।

भारत नेपाल मैत्री समाज के महामंत्री अनिल गुप्ता ने हटाए गए पुलिसकर्मियों की पोस्टिंग दोबारा सोनौली चौकी पर होने के साथ ही बार्डर के पास अवैध स्टैंड चलाने वाले ठेकेदार की मदद से वसूली शुरू करने की शिकायत की थी।

अनिल गुप्ता की शिकायत पर दर्ज होगा केस
भारत नेपाल-मैत्री समाज के महामंत्री अनिल गुप्ता की तहरीर पर पुलिसकर्मियों पर भ्रष्टाचार का केस दर्ज होगा। मंगलवार को आईजी को प्रार्थना पत्र देकर अनिल गुप्ता ने पूरे मामले की जानकारी देने के साथ ही कार्रवाई की मांग की थी। अनिल गुप्ता का कहना है कि डीआईजी के निर्देश पर कार्रवाई होने के बाद भी सोनौली बार्डर पर दोबारा पोस्टिंग कराके  आरोपी पुलिसकर्मियों ने फिर से वसूली शुरू कर दी है।

15 दिन पहले डीआईजी से मांगी थी फाइल
नेपाल बार्डर पर तैनात पुलिसकर्मियों के हेराफेरी में लिप्त होने की शिकायत पर तत्कालीन डीआईजी आरके चतुर्वेदी ने जांच कराई थी। आरोप की पुष्टि होने पर उन्होंने एसपी महराजगंज को कार्रवाई का निर्देश दिया था। मामले की जानकारी होने पर आईजी ने डीआईजी से 15 दिन पहले फाइल तलब की थी। जांच रिपोर्ट के विवरण के साथ ही इस मामले में हुई कार्रवाई की रिपोर्ट डीजीपी आफिस को भेजी गई थी।

नेपाल बार्डर पर हेराफेरी, अवैध वसूली में शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ एफआईआर करने का निर्देश दिया है। गोरखपुर में मुकदमा दर्ज कराके विवेचना महराजगंज स्थानांतरित की जाएगी।
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- एचआर शर्मा, आईजी
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