सोमवार की देर शाम एआरटीओ कार्यालय के सामने बदमाशों ने एक व्यवसायी की गोली मारकर हत्या कर दी। घटना के बाद जनपद मुख्यालय और आस-पास के गांवों में सनसनी फैल गई। इस घटना की खबर जैसे ही मृतक के गांववालों को मिली, वैसे ही काफी संख्या में लोग जिला अस्पताल पहुंच गए और हमलावरों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर हंगामा शुरु कर दिया। बाद में मौके पर डीएम, सीओ और कोतवाल भी पहुंच गए। अफसर लोगों को समझाने-बुझाने में लगे रहे।
पडरौना कोतवाली क्षेत्र के भिस्वा सरकारी गांव के निवासी 60 वर्षीय जयराम गोंड पुत्र दुःखी जनपद मुख्यालय स्थित बीएसए कार्यालय के बगल में कॉपी-किताब की दुकान चलाते थे। सोमवार की शाम वह जनपद मुख्यालय रवींद्रनगर से अपने घर जा रहे थे। करीब सात बजे वह एआरटीओ कार्यालय के निकट पहुंचे ही थे कि बदमाशों ने उनके गले में गोली मार दी। इससे उनकी मौत हो गई। उसके बाद वहां सनसनी फैल गई।
नाराज लोगों ने बदमाशों की गिरफ्तारी को लेकर किया हंगामा
जनपद मुख्यालय सहित आस-पास के गांवों के सैकड़ों लोग जुट गए। जयराम को जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टर ने उन्हें देखते ही मृत घोषित कर दिया। बाद में नाराज लोगों ने बदमाशों की गिरफ्तारी को लेकर हंगामा करना शुरू कर दिया। घटना के पीछे पुराना विवाद बताया जा रहा है।
इसकी सूचना मिलते ही डीएम डॉक्टर अनिल कुमार सिंह, सीओ सदर नितेश प्रताप सिंह, कोतवाली प्रभारी विजय राज सिंह मयफोर्स पहुंच गए और लोगों को समझाने बुझाने में जुटे रहे।एसपी राजीव नारायण मिश्र ने बताया कि पीड़ित परिजन अभी हत्या करने वाले और घटना वजह को पूरी तरह स्पष्ट नहीं बताए, लेकिन पुराने विवाद में हत्या होने की आशंका जताए है।
डॉक्टरों के मुताबिक जयराम के गले पर धारदार हथियार से चोट के निशान हैं। वैसे पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह पूरी तरह स्पष्ट हो जाएगी। पीड़ित पक्ष की तरफ से तहरीर मिलने पर केस दर्ज किया जाएगा। वैसे पुलिस हत्या से जुडे हर पहलुओं पर जांच पड़ताल शुरु कर दी है।