मंडलीय कारागार में मंगलवार को बंद युवक से मिलने आई महिला के पास से तलाशी में गांजा मिला। बंदी रक्षकों के सूचना पर पहुंचे जेलर ने छानबीन करने के बाद महिला को छोड़ दिया। घटना की जानकारी पुलिस को नहीं दी गई। गांजा की मात्रा कितनी थी और पकड़ी गई महिला कहां की रहने वाली थी इसे बताने में जेल के अफसर असमर्थता जता रहे हैं।
दोपहर में मंडलीय कारागार गेट पर मुलाकातियों की लाइन में महिला खड़ी थी। गेट पर तलाशी के दौरान महिला बंदी रक्षकों को उसके पास से गांजा का पुड़िया मिला। महिला जेल में बंद विवेक नाम के युवक से मिलने आई थी। जानकारी के बाद पहुंचे जेलर ने पूछताछ करके एक घंटे बाद महिला को छोड़ दिया। घटना की जानकारी पुलिस को नहीं दी गई। देर शाम मामला सामने आने के बाद जेल के अफसर गांजा की मात्रा कम होने की बात कह कार्रवाई न करने का तर्क देने लगे। जेलर डॉक्टर आरके सिंह का कहना है कि महिला के पास 150 ग्राम के करीब गांजा था। गरीब होने के कारण उसे छोड़ दिया महिला कहां की रहने वाली है इसकी जानकारी नहीं हो पाई।
पिपराइच क्षेत्र की बताई जा रही महिला
गांजा के साथ पकड़ी गई महिला पिपराइच क्षेत्र की रहने वाली बताई जा रही है। जेल में बंद युवक से मिलने अक्सर आती रहती हैं। मंगलवार को बिना नंबर लगाए ही मुलाकात करने पहुंच गई थी। 10 दिन पहले 750 ग्राम गांजा के साथ बस्ती का रहने वाला युवक जेल परिसर में पकड़ा गया था। बैग में गांजा छुपाकर वह बंदी से मिलने पहुंचा था।
डीएम के छापे में मिला था प्रतिबंधित सामान
15 दिन पहले डीएम ओएन सिंह, एसएसपी अनंत देव ने रात में मंडलीय कारागार की तलाशी ली थी। बंदियों के बैरक में चाकू, शराब की बोतल, मोबाइल और सिमकार्ड मिले थे। जेल प्रशासन की लापरवाही सामने आने के बाद डीएम ने शासन को पूरे मामले की रिपोर्ट भेजी थी।