गोरखपुर।
तिवारीपुर इलाके के अलवापुर मोहल्ले में सोमवार को पुरानी रंजिश को लेकर दो पक्षों में मारपीट के बाद पथराव शुरू हो गया। जिसमें कुछ लोगों को मामूली चोटें आईं। घटना को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश को पुलिस ने सख्ती बरतकर नाकाम कर दिया। मामले में शामिल बसपा के पूर्व जिलाध्यक्ष समेत पुलिस ने पांच लोगों को हिरासत में ले लिया। बवाल मचाने वालों की धरपकड़ के लिए पुलिस ने देर रात तक छापमेारी की।
अलवापुर मोहल्ले के मोहम्मद हुसैन और कल्लू के परिवार में काफी दिनों से रंजिश थी। जिसे लेकर पहले भी दोनों पक्षों में मारपीट हो चुकी है। मोहम्मद हुसैन का पुत्र आसिफ उर्फ रिंकू और कल्लू सोमवार की देर शाम मोहल्ले में ही पान की दुकान पर भिड़ गए। उनके बीच पहले कहासुनी हुई और बाद में मारपीट शुरू हो गई। इसकी सूचना मिलने पर दोनों पक्षों के लोग जुट गए और पथराव होने लगा। एक पक्ष के लोगों ने विवाद को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश की। मोहल्ले के कुछ लोगों ने इसकी सूचना 100 नंबर पर पुलिस को दी। थोड़ी ही देर में मौके पर एसपी नार्थ गणेश साहा, एसपी सिटी विनय कुमार सिंह, एसपी क्राइम आलोक वर्मा और सहायक पुलिस अधीक्षक चारु निगम समेत कई कई थानों की पुलिस पहुंच गई। पुलिस ने सख्ती दिखाकर मामला शांत कराया। विवाद में शामिल लोगों के घर की तलाशी लेकर आसिफ के भाई आरिफ , नासिर तथा दूसरे पक्ष के बसपा के पूर्व जिलाध्यक्ष पशुपति रविकुल, मुन्नर और कल्लू को हिरासत में लिया।