गोरखपुर।
गैंगरेप की शिकार युवती ने सोमवार को मेडिकल परीक्षण कराने से मना कर दिया। मंगलवार को पुलिस पीड़ित को कोर्ट में पेश करेगी, जहां उसका बयान दर्ज होगा। युवती द्वारा केस दर्ज कराने के बाद मेडिकल परीक्षण नहीं कराने और पार्षद के बेटे की गिरफ्तारी न होने पर पूरे घटनाक्रम पर सवाल उठने लगे हैं।
शनिवार रात में जंगल तुलसीराम बिछिया ताड़ीखाना अकोलहवा टोला निवासी पार्षद पुष्पा देवी का बेटा नीरज अपने दोस्तों के साथ युवती को घर लेकर पहुंचा। युवती का आरोप है कि घर के ड्राइंगरूम में दुष्कर्म किया गया। किसी तरह वहां से बचकर निकल भागी। नीरज और उसके दोस्तों ने उसका पीछा किया लेकिन पीड़ित पीएसी कैंप पहुंच गई और वहां मौजूद संतरी को गैंगरेप की जानकारी दी। इसके बाद पहुंची पुलिस आरोपी के घर पहुंची और उसके पिता राजेश कुमार को हिरासत में ले लिया। सोमवार को पीड़ित युवती और आरोपी के घरवाले शाहपुर थाने पहुंच गए। चर्चा है कि दोनों पक्षों में समझौते की कोशिशें शुरू हो गई हैं। पुलिस का कहना है कि पीड़ित युवती ने मेडिकल परीक्षण से कराने से मना कर दिया है। उसने लिखा पढ़ी में डॉक्टर से परीक्षण न करने गुजारिश की है।
शाहपुर एसओ मनोज कुमार पाठक ने बताया कि पीड़ित युवती का मेडिकल परीक्षण कराने की कोशिश की गई लेकिन उसने डॉक्टर को लिखित में मना कर दिया है। मंगलवार को पीड़ित का बयान कोर्ट में दर्ज कराया जाएगा। बयान पर वह कायम रहती है तो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।