गोरखपुर। घनी आबादी के बीच संचालित हो रहे पटाखों के दो गोदाम और एक दुकान मंगलवार को सील कर दी गई। यह कार्रवाई सिटी मजिस्ट्रेट अजीत कुमार सिंह के नेतृत्व में जिला प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम ने की। इस दौरान ज्वाइंट मजिस्ट्रेट आकांक्षा राना और अपर नगर मजिस्ट्रेट(टू) गौरव श्रीवास्तव भी मौजूद रहे।
सिटी मजिस्ट्रेट को सूचना मिली थी कि कोतवाली थाना क्षेत्र के नखास मोहल्ले में बिना लाइसेंस के ही ओसामा एंड कंपनी नाम से पटाखों के गोदाम व दुकान संचालित की जा रही है। मौके पर पहुंची टीम ने जब जांच शुरू की तो इस कंपनी के मालिक सद्दन खान न तो लाइसेंस दिखा सके और न ही किसी भी विभाग का अनापत्ति प्रमाण पत्र। इसपर टीम ने पटाखों से भरे दोनों गोदाम और दुकान को सील कर दिया। सिटी मजिस्ट्रेट ने बताया कि मामले की जांच चल रही है। सद्दन पर विधिक कार्रवाई भी की जाएगी। साथ ही इस लापरवाही के लिए जिम्मेदार लोगों की भूमिका भी तलाशी जाएगी और उनपर भी कार्रवाई की जाएगी।
12 स्थानों पर लगेंगी अस्थायी दुकानें
गोरखपुर। सिटी मजिस्ट्रेट ने बताया कि थानेवार अभियान चलाकर दुकानों, गोदामों के लाइसेंस की जांच की जा रही है। जिले में 26 लोगों को पटाखा बनाने और बेचने का लाइसेंस मिला है। पिछले बार की ही तरह इस बार भी 12 स्थानों पर पटाखे की अस्थाई दुकानें लगाई जाएंगी। इसके लिए अस्थाई लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इनमें टाउन हॉल, जुबिली इंटर कॉलेज का मैदान, डीएवी इंटर कॉलेज, चंपा देवी आदि स्थान शामिल हैं।