बड़े भाई को पेट्रोल से जलाकर मारने की कोशिश में जेल से छूटे पति ने पत्नी बबिता (27) की गला काटकर हत्या कर दी। अभी 15 दिन पहले ही यह जमानत पर रिहा हुआ था। बुधवार की सुबह दंपती के बीच विवाद हुआ था। मौके पर गई पुलिस दोनों को समझाकर लौटी थी। दोपहर में नागेंद्र ने पत्नी का कत्ल कर दिया। वारदात के वक्त मौजूद बच्चों की चीख सुनकर आसपास के लोग जुटे। मौका पाकर हत्यारोपी फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
बुधवार की सुबह बबिता अपने कामों में व्यस्त थी। तभी पति नागेंद्र आया और उसके साथ मारपीट करने लगा। पत्नी ने डायल 100 पर कॉल की। पुलिस पहुंची और दोनों को समझाकर लौट आई। बताया जाता है कि दोपहर करीब बारह बजे के करीब बेड पर लेटी पत्नी के पास धारदार हथियार लेकर पहुंचे पति ने उसकी गर्दन रेत दी। यह देखकर वहां मौजूद छह साल का बेटा चीख पड़ा। शोर सुनकर आसपास के लोग आ गए। हालांकि नागेंद्र फरार हो गया।
पार्षद के प्रतिनिधि अजय ओझा ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। सूचना पाकर एसपी सिटी विनय सिंह गोरखनाथ पुलिस के साथ मौके पर पहुंच गए। एसपी सिटी ने बताया कि दंपती के बीच अक्सर विवाद होता था। आरोपी पति की तलाश की जा रही।
मायके में ही रहती थी पत्नी
पति के व्यवहार से आजिज होने की वजह से ही पत्नी बबिता खजनी के भरवलिया स्थित अपने मायके में रहती थी। जमानत पर रिहा होने के बाद ही पति उसे लेकर आया था और फिर मारपीट करने लगा था। आरोपी के भाई ने बताया कि नागेंद्र काफी मनबढ़ है।
सिर से उठा मां का साया
बबिता की हत्या के बाद से ही तीन मासूम बच्चे बेबस दिखे। छह साल के बेटे आयुष का रो-रो कर हाल खराब है। चार साल और एक साल की बच्ची भी रो रही थी। जिस वक्त बबिता का गला रेता गया, उस वक्त एक साल की बच्ची उसकी गोद में ही थी।