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नकल के बदले केंद्र के अध्यक्ष ने मांगे 1.5 लाख रुपये

Mon, 26 Mar 2018 07:59 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
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गोरखपुर यूनिवर्सिटी। - फोटो : Amar Ujala
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पांच दिन पहले कुशीनगर के एक कॉलेज में नकल का ऑडियो वायरल होने के मामले की अभी जांच चल ही रही है कि मंगलवार को देवरिया के एक कॉलेज प्रबंधक ने केंद्र के अध्यक्ष पर नकल के बदले 1.5 लाख रुपये घूस मांगने का आरोप लगाया है। सबूत के तौर पर एक ऑडियो क्लिप यूनिवर्सिटी प्रशासन को मुहैया कराई गई है।
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देवरिया के स्वामी विवेकानंद महाविद्यालय कोटवा मिश्र के प्रबंधक आरपी गुप्ता की ओर से कुलपति को दी गई ऑडियो क्लिप में केंद्र के अध्यक्ष की तरफ से कॉलेज प्रबंधक से रकम मांगने से संबंधित बातचीत है। इसमें रकम बिचौलिए के माध्यम से देने की बात कही जा रही है। कुलपति ने केंद्र के अध्यक्ष को हटाने के साथ दो सदस्यीय जांच समिति गठित कर दी है।

प्रायोगिक परीक्षा और मूल्यांकन को भी नहीं बख्शा
प्रबंधक ने आरोप लगाया है कि केंद्र के अध्यक्ष ने भगवान महावीर पीजी कॉलेज पावानगर कुशीनगर के शिक्षक डॉ. प्रणव कुमार चतुर्वेदी को बिचौलिया बनाया है। बाकायदा प्रति छात्र 500 रुपये की मांग की गई है। इसमें 25 नंबर तक विद्यार्थियों को मदद कराने का आश्वासन दिया गया है। वहीं, यह कहा गया है कि वह रसायनशास्त्र के शिक्षक हैं और हर प्रायोगिक परीक्षा के नाम पर 25 हजार रुपये आसानी से मिलने की बात कबूल कर रहे हैं।
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यूनिवर्सिटी के नाम पर भी वसूली
ऑडियों में यूनिवर्सिटी के नाम पर भी बिचौलिए 50 हजार रुपये की मांग कर रहे हैं। यह आश्वासन दे रहे हैं कि यूनिवर्सिटी का हिस्सा बाद में दे सकते हैं। यह साबित करता है कि यूनिवर्सिटी की साख को धूमिल करने के लिए शिक्षा माफिया कैसे-कैसे हथकंडे अपनाते हैं।

ऐसी एक और क्लिप की हो रही जांच
कुशीनगर के वैष्णवी नगर झरही स्थित विद्यावती देवी महाविद्यालय के प्रबंधक से नकल के एवज में घूस मांगने से संबंधित ऑडियो क्लिप की जांच हो रही है।

केंद्र के अध्यक्ष की ओर से नकल के एवज में रकम मांगने संबंधी ऑडियो क्लिप मिली है। मामला गंभीर है। केंद्र के अध्यक्ष को हटाने के साथ ही जांच के लिए बुद्ध पीजी कॉलेज, कुशीनगर के प्राचार्य डॉ. अमृतांशु के नेतृत्व में दो सदस्यीय कमेटी गठित कर दी है। आरोप सही पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
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- प्रो. वीके सिंह कुलपति, गोरखपुर यूनिवर्सिटी
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