सत्य प्रकाश त्रिपाठी
पीपीगंज (गोरखपुर)। उज्ज्वला योजना के तहत गरीबों को निशुल्क गैस कनेक्शन देने में धांधली का पर्दाफाश हुआ है। पीपीगंज की आशीष गैस एजेंसी से जुड़े ऐसे 632 लाभार्थियों का कनेक्शन इंडियन ऑयल कारपोरेशन (आईओसी) ने निरस्त कर दिया है।
केंद्र सरकार ने वर्ष 2015 में गरीबों को मुफ्त रसोई गैस उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू की। तय हुआ कि 2011 की आर्थिक सर्वेक्षण सूची में शामिल गरीबों को निशुल्क रसोई गैस सिलिंडर दिया जाएगा। इसका फायदा बिचौलिया और गैस एजेंसी के कर्मचारियों ने उठाया। कई अपात्रों का नाम सर्वेक्षण सूची में शामिल कराया। बाद में कंपनी की तरफ से जांच हुई तो फर्जीवाड़ा सामने आया गया। पीपीगंज कस्बे से सटे साहबगंज की शिक्षक कॉलोनी में रहने वाली फूलजहां खातून को वर्ष 2016 में उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन दिया गया था लेकिन दो दिन पहले ही जब उनके पति सिराजुल गैस भरवाने गए तो एजेंसी के कर्मचारी ने बताया कि कनेक्शन निरस्त हो गया है। अब जमानत राशि जमा कराके दूसरा कनेक्शन लेना पड़ेगा। पीपीगंज क्षेत्र के जंगल झझवा निवासी छांगुर की पत्नी विमला के नाम से निशुल्क गैस कनेक्शन मिला था। करीब दस दिन पहले पासबुक और सिलिंडर के साथ गैस एजेंसी पहुंची तो पता चला उनका कनेक्शन भी कैंसिल हो गया है। इन लोगों के नाम 2011 की आर्थिक सर्वेक्षण सूची में नहीं थे।
कोट:::
जिन अपात्रों को कनेक्शन दिया गया था, उसे कंपनी ने निरस्त कर दिया है। गैस एजेंसी के 632 लाभार्थियों का कनेक्शन निरस्त हुआ है।
पवन कुमार वर्मा, प्रोपराइटर आशीष इंडेन गैस सर्विस