चिटफंड कंपनी ने लाखों हड़पे, केस दर्ज
गोरखपुर। कोलकाता की चिटफंड कंपनी ने एजेंटों व ग्राहकों के लाखों रुपए हड़प लिए। भुगतान की मांग करने पर डायरेक्टर व ब्रांच मैनेजर कार्यालय में ताला बंद कर फरार हो गए। बैंक रोड के एडी टॉवर में स्थित कार्यालय बनाया था। कोर्ट के निर्देश पर कोतवाली पुलिस ने डायरेक्टर समेत छह के खिलाफ साजिश के तहत फर्जी दस्तावेज कर जालसाजी करने का मामला दर्ज किया है।
बेलीपार के सरया छपिया निवासी धर्मेंद्र तिवारी समेत 151 लोगों ने कोर्ट में प्रार्थना देकर रुपए हड़पने का आरोप लगाया था। बताया था कि बैंक रोड के एडी टॉवर में पिनकान ग्रुप आफ कंपनीज का आफिस है। जिसमें सभी लोग बतौर एजेंट काम करते थे। कंपनी के डॉयरेक्टर कोलकाता के रेड क्त्रसस, फैलस डलीन हाउस निवासी, मनोरंजन राय, पीएम स्क्त्रिस्मेक्स निवासी रघु सेठी, मिलाराम सरना दक्षिण प्रभाग निवासी विनय सिंह, क्त्रिस्या विहार अमरपुरा निवासी विनय सिंह, मेलीनगर निवासी राजकुमार और दीपांकर बसु ने उन्हें बताया कि कोलकाता के दकरेस लेन पर कंपनी का हेड क्वार्टर है, जो सेबी में रजिस्टर्ड है। झांसे में आकर उन लोगों ने ग्राहकों के रुपये जमा करा दिए। समय पूरा होने पर भुगतान के लिए कहने पर आनाकानी करने लगे। दबाव बनाने पर 25 जुलाई 2018 को कार्यालय पर ताला बंद कर फरार हो गए। मोबाइल भी बंद कर लिया। शिकायत करने पर पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। कोर्ट के निर्देश पर कोतवाली पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
हुक्का बार की जांच की
गोरखपुर। गोलघर के जीडीए टॉवर स्थित हुक्का बार में शनिवार की रात पुलिस ने जांच की। इस दौरान तीन नाबालिग हुक्का पीते मिले। जिनके अभिभावकों को बुलाकर उन्हें सौंपा गया। हुक्का बार के मैनेजर को कैंट पुलिस ने हिरासत में लिया है। देर रात प्रभारी सीओ कैंट योगेंद्र कृष्ण, जटेपुर चौकी प्रभारी के साथ जीडीए टॉवर पहुंचे। हुक्का बार में पहुंचने पर बड़ी संख्या में युवक हुक्का पीते मिले, जिसमें तीन नाबालिग थे। सीओ योगेंद्र कृष्ण ने बताया कि बिना लाइसेंस के चल रहे हुक्का बार को बंद कराने के लिए डीएम को रिपोर्ट भेजी जाएगी।