विधानसभा और लोकसभा चुनाव में अभी काफी देरी है, लेकिन चुनाव आयोग ने मतदाता सूची को त्रुटि रहित बनाने की तैयारी शुरू कर दिया है। मतदाता सूची में सुधार के साथ युवा वर्ग को मतदाता सूची में शामिल करने के लिए भारत निर्वाचन आयोग का विशेष अभियान ‘कोई वोटर न छूटे’ 1 जुलाई से 31 जुलाई तक चलेगा। एक जनवरी 2017 को 18 वर्ष की उम्र हासिल कर चुके युवा मतदाता सूची में अपना नाम जुड़वा सकते हैं।
रविवार को डीएम सभागार में प्रेसवार्ता के दौरान डीएम राजीव रौतेला ने इस अभियान की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस अभियान में 18 से 21 आयु वर्ग के मतदाताओं को वोटर बनाने पर फोकस रहेगा। साथ ही उन्होंने कहा कि मतदाता सूची का त्रुटि रहित होना बहुत जरूरी है, क्योंकि बहुत सारे इलाकों में इपी रेसियो काफी ज्यादा है। यह दर्शाता है कि सूची में कई लोगों के नाम ऐसे हैं, जो अब उन इलाकों में नहीं रहते। वहीं एक ही आयु सीमा के काफी संख्या में लोगों का नाम मतदाता सूची में मानक से ज्यादा है।
इन सारे तथ्यों को ध्यान में रखते हुए मतदाता सूची में संशोधन किया जाएगा। जून के बचे हुए समय में सभी एसडीएम अपने-अपने विधानसभा क्षेत्र की सूची का विश्लेषण करेंगे। उन्होंने राजनीतिक दलों के नेताओं से मतदाता सूची में त्रुटियों में सुधार कराने का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि जल्द ही मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के साथ बैठक करेंगे।
छात्राओं और युवतियों के लिए चलेगा विशेष अभियान
गोरखपुर शहर की मतदाता सूची में जेंडर रेसियो सही नहीं है। 1000 पुरुष के अनुपात में महिलाओं की संख्या मात्र 800 के करीब है। स्पष्ट है कि मतदाता सूची में महिलाओं का पंजीयन कम हुआ है। ऐसे में जिन शिक्षण संस्थानों में छात्राओं और युवतियों की संख्या ज्यादा है, वहां पर विशेष अभियान चलाया जाएगा। कोशिश रहेगी कि 18 साल की उम्र सीमा हासिल कर चुकी छात्राओं और युवतियों को मतदाता बनाया जाए।
काफी संख्या में फर्जी वोटर, माइग्रेशन है वजह
गोरखपुर में जिले के ग्रामीण इलाकों के अलावा आसपास के जिलों और उत्तरप्रदेश से सटे बिहार के काफी संख्या में लोग माइग्रेट होकर आते हैं। ऐसे में यहां की जनसंख्या की तुलना में वोटरों की संख्या काफी ज्यादा है। नियमानुसार किसी भी व्यक्ति का नाम एक ही जगह के वोटर लिस्ट में हो सकता है। ऐसे में क्षेत्र के बीएलओ घर-घर जाकर सभी वोटरों का ब्योरा इकट्ठा करेंगे।
9 और 23 जुलाई को वोटर लिस्ट करेंगे चस्पा
मतदाता सूची में संशोधन के क्रम में 9 और 23 जुलाई को हर भाग संख्या में क्षेत्र में बीएलओ निर्धारित स्थल पर वोटर लिस्ट चस्पा करेंगे। ऐसे में उस भाग के सभी लोगों को जाकर वोटर लिस्ट में अपना नाम देख लेना चाहिए। अगर वोटर लिस्ट में नाम है तब तो ठीक है, अन्यथा वहीं पर फार्म-6 भर सकते हैं। सभी बीएलओ पर्याप्त संख्या में फार्म-6 लेकर जाएंगे।
बीएलओ करेंगे डोर टू डोर सर्वे
इसके तहत बीएलओ अपने-अपने निर्धारित क्षेत्रों के घर-घर जाकर सर्वे करेंगे। इसके तहत घर के वास्तविक मतदाताओं की संख्या जांचेंगे। अगर घर के किसी सदस्य की मृत्यु हो गई है तो उसका नाम मतदाता सूची से हटाएंगे और अगर 18 से 21 आयु वर्ग को कोई नया सदस्य है तो उसका नाम मतदाता सूची में शामिल करेंगे। सभी बीएलओ अपने साथ फार्म-6 लेकर जाएंगे और तत्काल सूची में नाम जोड़ने की प्रक्रिया शुरू करेंगे।
मोबाइल एप से भी बन सकते हैं मतदाता
चुनाव आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध मोबाइल एप है। इसके माध्यम से भी कोई भी व्यक्ति वोटर लिस्ट में अपना नाम जुड़वा सकता है, हालांकि मोबाइल एप के माध्यम से फार्म-6 भरने के बाद भी इसके हार्ड कापी पर हस्ताक्षर जरूरी है। हस्ताक्षर कराने की जिम्मेदारी जिला निर्वाचन कार्यालय से जुड़े अधिकारियों और कर्मचारियों की होगी।