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सड़क हादसे में दुधिया की मौत, ग्रामीणों ने लगाया जाम

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घायल दुधिया जंगीलाल के मौत के बाद गोरखपुर - लखनऊ मार्ग हरैया के सामने रास्ता जाम के दौरान फंसा एंब
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दुधिया की मौत पर बवाल, गोरखपुर-लखनऊ हाइवे तीन घंटे जाम
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गोरखपुर। बेलीपार के हरैया में हुए हादसे में घायल दुधिया जंगीलाल (45) की रविवार को मौत के बाद ग्रामीण भड़क गए। आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर दोपहर 1:30 बजे हरैया गांव के सामने गोरखपुर-लखनऊ मार्ग पर प्रदर्शन करने लगे। इस वजह से लखनऊ मार्ग के अलावा गोरखपुर-खजनी मार्ग पर भी आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया। जाम की खबर पाते ही बेलीपार, खजनी, सहजनवां, राजघाट पुलिस बज्र वाहनों के साथ मौके पर पहुंची। शाम करीब 4.30 बजे पहुंचे एसडीएम सदर प्रथमेश कुमार, एसपी साउथ विपुल श्रीवास्तव, तहसीलदार और सीओ खजनी रचना मिश्रा ने लोगों को समझाया। आरोपियों की गिरफ्तारी, मुआवजा और शव का पोस्टमार्टम कराने के आश्वासन पर लोग सड़क से हटे। जाम की वजह से दोनों ओर गाड़ियों की लंबी कतार लग गई थी।
सड़क पर प्रदर्शन कर रहे लोगों के मुताबिक बेलीपार के हरैया निवासी जंगीलाल निषाद दूध बेचने का काम करते थे। 11 सितंबर को वह चौराहे पर खड़े थे। इसी दौरान भिलौरा निवासी सर्वजीत पांडेय और उनके भाई आलोक ने जानबूझकर गाड़ी से ठोकर मार दी। उनका पीजीआई में उपचार चल रहा था। रविवार को उनके मौत की खबर आते ही ग्रामीण नाराज हो गए और पुलिस ने सूचना पर केस तो दर्ज किया लेकिन आरोपियों पर कार्रवाई नहीं की। इसी से नाराज होकर लोग सड़क पर उतर गए। इस दौरान उन लोगों ने होर्डिंग फाड़ दिए और ईंट पत्थर भी चलाए। हालांकि पुलिस और प्रशासन के लोगों ने हालात को संभाल लिया और समझाकर लोगों को सड़क से हटाया। करीब तीन घंटे तक आवागमन प्रभावित रहा।
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फाड़ डाला भाजपा का बैनर और पोस्टर
जाम के दौरान सरकार के खिलाफ लोगों का गुस्सा दिखाई दिया। सड़क किनारे लगे भाजपा के झंडे व बैनरों को भीड़ में शामिल युवा फाड़ते नजर आए। पुलिस ने उन्हें समझा कर बैनर फाड़ने से रोका।
पुलिस के खिलाफ भी नजर आया गुस्सा
कैंट पुलिस के खिलाफ भी लोगों का गुस्सा दिखा। आरोप था कि हादसे के बाद कैंट पुलिस ने घायल को जानबूझकर अस्पताल में भर्ती होने से रोका था और मारपीट कर साथ गए लोगों भगा दिया था। लोगों का कहना था अगर समय से इलाज मिला होता तो शायद जान बच जाती।
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डायवर्जन कर निकाले गए वाहन
जाम के दौरान गोरखपुर से लखनऊ की ओर जाने वाले वाहनों को नौसड़ से बनारस होते हुए फोरलेन की ओर डायवर्ट कर दिया गया। वहीं, लखनऊ से आने वाले वाहन कालेसर से फोरलेन होकर पहुुंचे। खजनी गोरखपुर मार्ग भी पूरी तरह बाधित रहा। तीन घंटे में वाहनों की लंबी कतार लग गई। यात्री जाम स्थल से नौसड़ तक पैदल ही यात्रा करते नजर आए।
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