जिले के बड़हलगंज इलाके में डेंगू का प्रकोप बढ़ने के बाद स्वास्थ्य अफसरों की नींद टूटी है। इलाके में निगरानी और स्वास्थ्य सेवाओं की बेहतरी के लिए चार सदस्यीय कमेटी गठित की गई है। टीमें इलाके में भ्रमण करेंगी और नियमित तौर पर छिड़काव आदि की मानीटरिंग के साथ ही बीमारी के लक्षण और उपचार की व्यवस्था भी करेंगी।
डेंगू का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। वहीं प्राइवेट व सरकारी अस्पतालों में बुखार से पीड़ित मरीज पहुंच रहे हैं। सबसे ज्यादा प्रकोप बड़हलगंज इलाके में है। यहां पर डेंगू से तीन की मौत हो चुकी है। कई लोग अभी भी अस्पताल में भर्ती हैं। इसे लेकर स्थानीय लोगों ने स्वास्थ्य केंद्र पर प्रदर्शन भी किया था और विधायक ने भी सीएमओ को पत्र लिखकर यहां की व्यवस्थाओं से अवगत कराया।
सीएमओ रवींद्र कुमार ने शनिवार को चार टीम गठित करने का निर्देश दिया है। हर टीम में एक स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी, एएनएम, मलेरिया इंस्पेक्टर, आशा कार्यकर्ता शामिल की गई हैं। टीमों को प्रभावित इलाके में पहुंचकर बुखार से पीड़ित मरीजों को दवा के साथ उन्हें अस्पताल तक पहुंचाने की भी जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा इलाके में सफाई, फागिंग, दवा छिड़काव पर भी ध्यान देना होगा।
एक मरीज में हुई डेंगू की पुष्टि
जिले के महुआडाबर के रहने वाले 35 वर्षीय घनश्याम दुबे में डेंगू की पुष्टि हुई है। वे जिला अस्पताल की ओपीडी में बुखार की शिकायत लेकर पहुंचे थे। संदेह होने पर डॉक्टर डेंगू जांच कराने को गया था। शनिवार को उनकी रिपोर्ट में डेंगू की पुष्टि हो गई है। अब तक जिला अस्पताल की जांच में 87 मरीजों का नाम सामने आया है। इसमें से गोरखपुर और अन्य जिले के लोग शामिल हैं।