गोरखपुर। मजबूत इरादों के साथ मंजिल की ओर बढ़ने वाले कदमों को मुश्किलें नहीं रोक पाती हैं। मुगलहा के रहने वाले टेंपो चालक खुशबुद्दीन के बेटे नुरुद्दीन ने यह कर दिखाया है। कुवैत में आयोजित एशियन फुटबाल फेडरेशन की अंडर-16 क्वालिफाइंग मैच के लिए नुरुद्दीन का चयन भारतीय फुटबॉल टीम में हुआ है। प्रतियोगिता में भारत, कजाकिस्तान, लेबनान, भूटान और कुवैत की टीम हिस्सा ले रही है। भारत का पहला मैच कजाकिस्तान, दूसरा लेबनान, तीसरा भूटान और चौथा कुवैत के साथ होगा।
मेडिकल कॉलेज रोड मुगलहा के रहने वाले खुशबुद्दीन टेंपो चलाकर अपने परिवार का पालन पोषण करते हैं। खुशबुद्दीन का बेटा नुरूद्दीन बचपन से कुछ कर दिखाने का सपना देखता था। चार वर्ष पूर्व गांव में फुटबॉल खेल रहे इस हीरे पर फुटबाल कोच हारुन की नजर पड़ी। हारुन ने नुरुद्दीन का एडमिशन रीजनल स्पोर्ट्स स्टेडियम में करा दिया। मुगलहा से रोज नुरुद्दीन प्रैक्टिस करने के लिए स्टेडियम में आने लगा। 14 अगस्त 2012 को बंगलूरू में अखिल भारतीय फुटबाल फेडरेशन (एआईएसएफ) के कैंप के लिए गुड़गांव में चयन ट्रायल आयोजित किया गया था। कैंप में 20 खिलाड़ियों का चयन किया गया जिसमें गोरखपुर से नुरुद्दीन भी शामिल था। हारुन ने बताया कि काठमाण्डू में आयोजित अंडर-16 सैफ कप में भारतीय टीम ने गोल्ड मेडल जीता था। जिसमें नुरुद्दीन का प्रदर्शन सबसे सराहनीय रहा। नुरूद्दीन की इस उपलब्धि पर जिला फुटबॉल संघ के सचिव आमिर खान, आरएसओ अश्वनी कुमार सिंह, मेहताब खान, वीरेंद्र शुक्ला, मो. नशीम, कृष्ण प्रताप श्रीवास्तव आदि ने बधाई दी।