गोरखपुर। एक महीने से भी लंबे समय से चल रही एमएलसी चुनाव की प्रक्रिया गुरुवार को मतदान के साथ संपन्न हो गई। दो जिलों के 32 बूथों पर हुए मतदान में 4526 मतदाताओं में से 97.33 प्रतिशत ने अपने मताधिकार का प्रयोग कर चार प्रत्याशियों की किस्मत मतपेटिकाओं में बंद कर दी। छह मार्च को मतगणना के बाद यह तय होगा कि किसके सिर पर जीत का सेहरा बंधेगा।
गोरखपुर-महराजगंज स्थानीय निकाय एमएलसी चुनाव में 32 बूथों पर वोट डाले गए थे। इनमें 20 बूथ गोरखपुर तथा 12 महराजगंज में बनाए गए थे। गोरखपुर में 2479 मतदाता थे, जबकि महराजगंज में 2047 । इस चुनाव से कई प्रमुख पार्टियां बाहर थीं।
चार प्रत्याशी जो चुनाव लड़ रहे थे उनमें से सभी का सपा से करीब का रिश्ता रहा है। मुख्य मुकाबला सीपी चंद और जयप्रकाश यादव के बीच दिखा।
निर्दल कालीशंकर और विजय कश्यप भी चुनाव मैदान में अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहे थे। चुनाव की निष्पक्षता पर पूरा विपक्ष सवाल खड़ा कर रहा था। यह आम धारणा हो गई थी कि सत्ता के बल पर सपा चुनाव को अपने पक्ष में करने पर आमादा है। निर्वाचन आयोग से शिकायत भी की गई थी। बावजूद इसके चुनाव प्रक्रिया को बाधित करने की शिकायत कहीं से नहीं आई।
चुनाव पूरी तरह से शांत और निष्पक्ष तरीके से संपन्न हुआ। चाहे सीपी चंद हों, जयप्रकाश यादव हों या अन्य कोई प्रत्याशी, किसी ने भी चुनाव की निष्पक्षता पर सवाल नहीं उठाया। सभी ने शांतिपूर्वक चुनाव कराने के लिए अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई दी।
चुनाव के बाद देर रात तक महराजगंज से लेकर जिले के सभी ब्लाकों की मतपेटिकाएं कचहरी स्थिति कर्मचारी भवन में लाकर रखी गईं। वहां केंद्रीय पुलिस बल के जवान तैनात किए गए हैं।