गोरखपुर। प्रयागराज में होने जा रहे अर्द्ध कुंभ में इस बार 71 साल बाद खास सुयोग बन रहा है। महोदय नामक खास योग लोककल्याण के इस मेले का महात्म्य और भी बढ़ा रहा है।
जिस वर्ष माघ की अमावस्या मे वृश्चिक के गुरु और मकर के सूर्य होते हैं उस वर्ष तीर्थराज प्रयाग में अर्द्ध कुंभ का सुयोग बनता है। ज्योतिषाचार्य शरद चंद्र मिश्र के मुताबिक इस वर्ष ऐसा सुयोग चार फरवरी को सोमवारी अमावस्या (मौनी अमावस) के दिन बनेगा। इसमें संगम पर स्नान, दान, तप, पुण्यार्जन का भारी माहात्म्य पद्मपुराण में बतया गया है। इस दिन श्रवण नक्षत्र, व्यतिपात योग, सोमवार, सर्वार्थसिद्ध योग होने से ‘महोदय’ नामक सुयोग बन रहा है। यह कल्याण और सिद्धि प्रदाता सुयोग इससे पहले ऐसा सुयोग नौ फरवरी 1948 को बना था।
अरुणोदय से 7:58 तक और भी खास
ज्योतिषाचार्य शरद चंद्र मिश्र ने बताया कि 2019 में माघ अमावस्या के दिन सूर्य एवं चंद्रमा मकर राशि में और बृहस्पति वृश्चिक राशि में हैं। इसलिए चार फरवरी को स्नान, दान, जप आदि का विशेष पुण्यकाल वैसे तो पूरे दिन रहेगा, परंतु अरुणोदय से सुबह 7:58 बजे तक विशेष मुहूर्त रहेगा।