गोरखपुर। आंगनबाड़ी केंद्र पर आने वाले बच्चों को दो साल पहले तक गरम भोजन बनाकर दिया जाता था। यह व्यवस्था बंद हो गई थी। अब एक बार फिर उसे शुरू किया जा रहा है। अब खाना प्राथमिक विद्यालयों पर बनाया जाएगा। वहां से आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों के लिए भेजा जाएगा।
हर आंगनबाड़ी केंद्र पर औसतन 60 बच्चे पंजीकृत होते हैं। इनमें 50 के लिए प्रतिदिन हॉटकुक्ड की व्यवस्था की जाती थी। ऐसा माना जाता था कि 10 बच्चे केंद्र पर नहीं आते होंगे। प्रत्येक बच्चे के भोजन पर रोजाना छह रुपये खर्च होता थे। अब इस व्यवस्था को फिर से शुरू किया जा रहा है। अंतर यह है कि अब खाना आंगनबाड़ी पर नहीं बल्कि प्राथमिक स्कूलों में तैयार होकर आंगनबाड़ी आएगा।