गोरखपुर। ब्याज माफी का मामला सुलझने के बाद गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने सोमवार से मानबेला किसानों को मुआवजा वितरित करने की तैयारी शुरू कर दी। इसी सप्ताह कैंप लगाकर बाकी बचे किसानों को प्रोफार्मा मुहैया कराने के साथ ही पूर्व में आवेदन कर चुके किसानों के खाते में मुआवजे की रकम भेजी जाने लगेगी।
जीडीए ने करीब एक दशक पहले मानबेला के 1066 किसानों की करीब दो सौ एकड़ जमीन अधिगृहीत की थी, मगर किसानों ने मुआवजे की रकम बढ़ाने की मांग के साथ आंदोलन शुरू कर दिया। कुछ किसान हाईकोर्ट चले गए, जिससे ये मामला लटका रहा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर करीब पांच महीने पहले जीडीए और किसानों के बीच समझौता हुआ। हालांकि पूर्व में दिए गए मुआवजे पर ब्याज लगाने की जीडीए की शर्त पर किसान फिर आंदोलनरत हो गए थे। मामला बिगड़ता देख मंडलीय कमेटी ने ब्याज माफी पर भी सहमति दे दी। 18 अक्टूबर को जीडीए बोर्ड ने भी इस प्रस्ताव को स्वीकृत कर दिया, जिसके बाद प्राधिकरण ने अब मुआवजा वितरण की तैयारी शुरू कर दी है।
उधर अब भी सर्किल रेट के मुताबिक मुआवजे की मांग कर रहा किसानों का एक पक्ष कोर्ट जाने की तैयारी में है। हालांकि विश्वस्त सूत्रों के मुताबिक प्रशासन और प्राधिकरण ने अब यह तय कर लिया है कि मानबेला की जमीन के मामले में अब वे कोई नई शर्त नहीं मानेंगे।