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आडिट ने पकड़ा लाखों का गोलमाल

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बस्ती। स्थानीय निधि लेखा परीक्षा विभाग इलाहाबाद ने वर्ष 2015-16 में नगरपालिका की ओर से विभिन्न परियोजनाओं पर खर्च किए लाखों रुपये के तरीके पर सवाल उठाए हैं। ऑडिट रिपोर्ट में कई सड़कों के निर्माण में लागत से अधिक भुगतान करना बताया है। कहा है कि किए गए अधिक धन की वसूली ठेकेदार और संबंधित से की जाए। ऑडिट में सोर्सिंग से कराए गए मजदूरों के बिल से सर्विस टैक्स न जमा करने से 24.65 लाख रुपये से अधिक के राजस्व की हानि बताई गई है। राजस्व क्षति की पूर्ति 21 ठेकेदारों से कराने की रिपोर्ट की गई है। अनियमित कार्यों और लाखों रुपये के भुगतान के लिए ऑडिट टीम ने पालिका प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है।
उप निदेशक स्थानीय निधि लेखा परीक्षा विभाग बस्ती मंडल की ओर से जारी लेखा परीक्षा एवं निरीक्षण रिपोर्ट में जिस तरह से पालिका के कामकाज पर सवाल उठाए गए हैं। इससे उन आरोपों को बल मिलता है, जिसमें भारी धनराशि के दुरुपयोग करने की शिकायत पिछले लगभग पांच साल से विभिन्न व्यापारी संगठनों की ओर से किए जा रहे हैं। इसकी जांच भी हो रही है। ऑडिट टीम ने सबसे बड़ी अनियमितता ठेकेदारों को अधिक भु्गतान करना बताया है। इसके लिए कई निरीक्षण रिपोर्ट का भी हवाला दिया गया है। इसमें नया सवेरा नगर विकास योजना के तहत डिस्पोजल ऑफ मलबा में कोहिनूर कंस्ट्रक्शन को लगभग 26 हजार रुपये का अधिक भुगतान करना शामिल है। इसी तरह स्टांप शुल्क के तहत गांधीनगर मुख्य मार्ग पर स्काउट प्रेस से पुष्कर मिश्र के मकान तक इंटरलॉकिंग पटरी निर्माण कार्य में अधिक मापन दिखाकर पांच लाख 81 हजार रुपये से अधिक का भुगतान पांडेय कंस्ट्रक्शन कंपनी को कर दिया गया। इस सड़क की लागत कुल 17.72 लाख रुपये की है। इसी तरह गांधीनगर मुख्य मार्ग पर रूप साड़ी केंद्र से जियावन चाय की दुकान तक इंटरलॉकिंग पटरी के निर्माण में एक लाख 77 लाख से अधिक का अनियमित रूप से भु्गतान कर देने की रिपोर्ट की गई है। इसी तरह ओरीजोत में डाकखाना से गुप्त इन्फॉर्मेशन रोडवेज तक इंटरलॉकिंग पटरी निर्माण में मापन अधिक दिखाकर एक लाख 59 हजार रुपये से अधिक का भुगतान किया गया। इसी तरह अन्य मदों में अनियमित रूप से लाखों रुपये का भुगतान करने वित्तीय नुकसान किया गया।
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ऑडिट रिपोर्ट सही नहीं है: ईओ
अधिशासी अधिकारी नगर पालिका डॉ. आरपी श्रीवास्तव कहते हैं कि ऑडिट रिपोर्ट सही नहीं हैं। कहते हैं कि ऑडिट वाले चाहते थे कि सभी पटरियों को एक माना जाए, जिसे मानने से इन्कार कर दिया गया।
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