हैंसर। क्षेत्र के बरगदवा गांव के एक किसान के क्रेडिट कार्ड पर फर्जी तरीके से 1.10 लाख रुपये निकाल लिए जाने के आरोप में शनिवार को पुलिस ने पूर्वांचल बैंक की दो शाखाओं के प्रबंधक, फील्ड अफसर समेत पांच लोगों के खिलाफ जालसाजी का केस दर्ज किया। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।
बरगदवा गांव निवासी किसान राममिलन का आरोप था कि गौरापार गांव निवासी मनोज सिंह के साथ वह एक वर्ष पूर्व पूर्वांचल बैंक की शाखा शनिचरा बाजार पर किसान क्रेडिट कार्ड से कर्ज लेने गया था। जहां कागज पर हस्ताक्षर कराया गया। दूसरे दिन बैंक गए तो मनोज सिंह ने कुछ देर बाद पांच हजार रुपये लाकर दिया और कहा कि इतनी ही रकम मिल सकी है। इतने से काम न चलने की बात कही तो वह उसको लेकर पूर्वांचल बैंक की शाखा धनघटा ले गए। जहां दो दिन की प्रक्रिया के बाद दस हजार रुपये दिया। इधर, जब वह बैंक में गया तो उसे पता चला कि उसके नाम से शनिचरा बाजार की शाखा से साठ हजार रुपये और धनघटा शाखा से पच्चास हजार रुपये केसीसी पर कर्ज लिया गया है। यह सुनते ही उसके पांव तले जमीन खिसक गई। जब दोनों शाखाओं के मैनेजर और फील्ड अफसर तथा मनोज सिंह से पूछताछ की तो उन्होंने चुप रहने की धमकी दी। उसके बाद वह पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की। एसओ प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि किसान ने दोनों शाखाओं से कर्ज लिया है। जो ब्याज सहित 2.77 लाख रुपये हो गया हैं। बैंक से कर्ज की रकम वसूलने की खबर पर किसान को मामले की जानकारी हुई। आगे बताया कि पूर्वांचल बैंक की शाखा धनघटा व शनिचरा बाजार के मैनेजर व फील्ड अफसर तथा गौरापार गांव निवासी मनोज सिंह के खिलाफ जालसाजी व धमकी देने का मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है। शाखा प्रबंधक धनघटा ने पूछताछ मे बताया कि ऋण का पैसा किसान के खाते में गया था। किसान के जरिए ही कर्ज की धनराशि आहरित की गई है। वैसे विवेचना में जो तथ्य सामने आएगा, उसी के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।