गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि गोरखपुर, कुशीनगर, संतकबीनगर समेत यूपी के 22 जिलों में सीएनजी स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। पीएनजी कनेक्शन भी दिए जाएंगे। अगले चरण में बस्ती, अयोध्या, सुल्तानपुर अंबेडकरनगर सहित अन्य जिलों में भी प्राकृतिक गैस की आपूर्ति होगी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के 129 जिलों में सीएनजी और पीएनजी लाइन बिछाने की परियोजना की शुरूआत बृहस्पतिवार को नई दिल्ली के विज्ञान भवन से किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में इसका सजीव प्रसारण गोरखपुर विश्वविद्यालय परिसर के खेल मैदान में किया गया। प्रधानमंत्री ने अपने साढ़े चार साल के कामकाज की उपलब्धियां गिनाईं, फिर मुख्यमंत्री ने मंच संभाला। मुख्यमंत्री ने कहा कि सीएनजी, पीएनजी की आपूर्ति से बड़ा फायदा मिलेगा। आप जितना गैस इस्तेमाल करेंगे, उतना ही पैसा देना होगा। गैस आपूर्ति और इस्तेमाल की जानकारी मीटर से मिलती रहेगी। इससे घटतौली की गुंजाइश खत्म होगी। किचन में सिलेंडर रखने की जगह बचेगी। इस महत्वाकांक्षी योजना का सबसे ज्यादा लाभ यूपी को मिलेगा। क्षेत्रफल और आबादी के लिहाज से यूपी देश का सबसे बड़ा राज्य है।
नगर पंचायतों में भी बनेगा सीएनजी स्टेशन
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहरी क्षेत्र के साथ ही नगर पंचायतों में भी सीएनजी स्टेशन स्थापित किए जाएंगे, पीएनजी सप्लाई की व्यवस्था होगी। नगर पंचायतों से सटे ग्रामीण इलाके के लोग भी पीएनजी कनेक्शन ले सकेंगे।
सीएनजी से चलेगा खाद कारखाना
मुख्यमंत्री ने कहा कि गोरखपुर का खाद कारखाना भी सीएनजी से चलेगा। इससे पूर्वांचल के किसानों को पर्याप्त मात्रा में खाद समय से मिल सकेगी। नौजवानों को रोजगार मिलेगा। शहर की और भी औद्योगिक इकाइयां सीएनजी की मदद से चलाई जा सकती हैं। इससे प्रदूषण कम होगा।
एथेनॉल प्लांट का शिलान्यास दिसंबर में
मुख्यमंत्री ने कहा कि इंडियन ऑयल कारपोरेशन (आईओसी) की मदद से धुरियापार में एथेनाल प्लांट लगाया जा रहा है। इसका शिलान्यास दिसंबर में किया जाएगा। इस पर 1200 करोड़ रुपये खर्च होंगे। प्लांट बनने के बाद पुआल जलाना नहीं पड़ेगा। किसानों से पुआल खरीदकर एथेनाल बनाया जाएगा। एथेनाल को डीजल, पेट्रोल का विकल्प माना जाता है। पेट्रोल में 10 फीसदी एथेनाल मिलाकर बेचने की व्यवस्था भी है।
इशारों में कांग्रेस पर हमला
मुख्यमंत्री ने इशारों में कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि 2014 से पहले गैस का कनेक्शन लेना सपना होता था। मंत्री, सांसद, विधायक से सिफारिश कराने के बाद 20-25 हजार रुपये देना पड़ता था। अब ऐसा नहीं है। उज्ज्वला योजना के तहत निशुल्क गैस कनेक्शन दिए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच का ही नतीजा है कि देश के अलग-अलग राज्यों में छह करोड़ महिलाओं को निशुल्क कनेक्शन दिया जा चुका है।