कुशीनगर। कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय का शुक्रवार को निरीक्षक करने पहुंचे एसडीएम कसया को एक छात्रा बीमार मिली। उन्होंने तत्काल डॉक्टर बुलाकर उसे दिखाया और उसके बाद इलाज के लिए रामकोला सीएचसी भेजा। उन्होंने बालिकाओं को दिए जाने वाले सुबह के नाश्ते के बारे में जानकारी ली। छात्राओं को नाश्ते में अंडा और केला देने का प्रावधान है, जिसे न दिए जाने पर उन्होंने आपूर्तिकर्ता के भुगतान पर रोक लगा दी।
रामकोला के कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में 100 छात्राओं का नामांकन है। इन दिनों 70 छात्राएं विद्यालय में रह कर पढ़ रही हैं। इस विद्यालय को एसडीएम कप्तानगंज ने गोद लिया है। एसडीएम त्रिभुवन सिंह शुक्रवार को विद्यालय में पहुंचे तो वहां नेहा गोंड नाम की एक छात्रा बीमार पड़ी थी। पूछने पर मालूम हुआ कि छात्राओं को सुबह के नाश्ते में अंडा और केला देना है, लेकिन उन्हें नहीं दिया जा रहा है। इसकी पुष्टि छात्राओं के साथ-साथ वार्डेन ने भी की। इस पर एसडीएम ने आपूर्तिकर्ता के भुगतान पर रोक लगा दी और बीमार छात्रा का इलाज कराया।