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गर्मी से बेहाल हुए 30 हजार परिवार

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अमर उजाला ब्यूरो
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गोरखपुर।
शहर के चार उपकेंद्रों से जुड़े करीब 40 हजार परिवारों को शुक्रवार को बदहाल बिजली व्यवस्था ने खूब सताया। भीषण गर्मी के बीच दिन में डेढ़ घंटे बिजली बिना लोग पसीने से सराबोर हो गए। एफसीआई ट्रांसमिशन उपकेंद्र के बसबार का जंफर कटने से सूरजकुंड, दुर्गाबाड़ी और बीएन डायर्स औद्योगिक प्रतिष्ठान की बत्ती गुल हुई। वहीं रानीडिहा के पास हाईटेंशन लाइन का गार्ड वायर टूटकर 11 केवी लाइन से सट जाने से सहारा इस्टेट उपकेंद्र समेत खोराबार के रानीडीहा फीडर की बत्ती काटनी पड़ी।
एफसीआई ट्रांसमिशन उपकेंद्र के बसबार का जंफर शुक्रवार की दोपहर 12.15 बजे कट गया। इसके चलते सूजरकुंड और दुर्गाबाड़ी उपकेंद्र के साथ ही बीएन डायर्स औद्योगिक प्रतिष्ठान की बिजली सप्लाई बंद हो गई। इन उपकेंद्रों से जुड़े करीब 25 हजार परिवार गर्मी व उमस से बेहाल रहे। दोपहर 13.45 बजे आपूर्ति चालू हुई तो लोगोें ने राहत की सांस ली। एफसीआई ट्रांसमिशन उपकेंद्र के एसडीओ राकेश कुमार ने बताया कि बसवार का जंफर कटने से इमरजेंसी शटडाउन लेना पड़ा। इसके चलते सूरजकुंड, दुर्गाबाड़ी उपकेंद्र की बिजली आपूर्ति बंद करनी पड़ी। जंफर की मरम्मत आवश्यक थी, अन्यथा रात में दिक्कत होने पर उसे ठीक करना मुश्किल हो जाता। वहीं सहारा इस्टेट को आने वाली 33 केवी लाइन का गार्ड वायर टूटकर रानीडिहा के पास 11 केवी लाइन के तार से सट गया। इसके चलते खोराबार उपकेंद्र के रानीडिहा फीडर और सहारा इस्टेट उपकेंद्र की बिजली काटनी पड़ी। सुबह 8.45 पर आया फॉल्ट 10.15 पर दुरुस्त हुआ। इसके बाद गर्मी से परेशान 15 हजार परिवारों ने राहत की सांस ली।
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इनसेट
अंडरग्राउंड व्यवस्था से कम होंगे फॉल्ट
बिजली विभाग के रिटायर्ड अवर अभियंता केके श्रीवास्तव मानते हैं कि फॉल्ट पर अंकुश लगाने के लिए बिजली महकमे को व्यवस्था अपग्रेड करनी होगी। भूमिगत लाइनें बिछाकर व्यवस्था सुदृढ़ की जा सकती है। शहर में कुछ जगहों पर काम भी शुरू हुआ है। फिलहाल फॉल्ट में कमी तेज बारिश के बाद ही आएगी। हवा के साथ हल्की बारिश फॉल्ट बढ़ाती है। इसमें इंसुलेटर पंक्चर हो जाते हैं जबकि तेज बारिश में इंसुलेटर वाश हो जाता है। बारिश का मौसम बिजली महकमे के लिए काफी कठिन होता है। बिजली भरपूर है, लेकिन फॉल्ट परेशानी बढ़ा रहे हैं।
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