गोरखपुर। पिछले कुछ दिनों से तपिश का सामना कर रहे लोगों को बुधवार दोपहर बारिश की बूंदों ने कुछ राहत दी। हालांकि इस दौरान चली तेज हवा से परेशानी का भी सामना करना पड़ा। शहर में कई जगहों पर पेड़ की टहनियां टूट गईं, बैनर-होर्डिंग फट गए। धूल उड़ने की वजह से धुधलका बढ़ गया तो सड़क पर चल रहे वाहनों की लाइट जलानी पड़ी। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार बादलों की आवाजाही और बूंदाबांदी से अगले कुछ दिन सुहावने रह सकते हैं। 15 जून के बाद तेज बारिश की संभावना है। वहीं, मानसून के 24 जून तक यहां पहुंचने की उम्मीद है।
तेज धूप के बीच बुधवार दोपहर करीब 12:30 बजे मौसम में अचानक बदलाव आया। करीब 65 किलोमीटर की रफ्तार से हवा चलने से कई इलाकों में पेड़ की टहनियां और बिजली के तार टूट गए। मौसम विशेषज्ञ कैलाश पांडेय ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से तापमान 40 डिग्री के आसपास रहने और हवा में नमी ज्यादा होने से स्थानीय वायुमंडल काफी गर्म हो गया था। बुधवार को बंगाल की खाड़ी से चली पुरवा हवाओं के मिलने से बिहार से लेकर पूर्वी उत्तरप्रदेश तक तेज हवा चली और बूंदाबांदी हुई।
गोरखपुर में 24 तक मानसून आने की उम्मीद
कैलाश पांडेय ने बताया कि केरल में मानसून के एक सप्ताह देरी से पहुंचने के बाद भी रफ्तार तेज होने की वजह से इसके 22 जून तक जिले में पहुंचने की संभावना थी। लेकिन ‘वायु’ तूफान की वजह से इसकी रफ्तार धीमी हो गई है। अब इसके 24 जून तक गोरखपुर पहुंचने की उम्मीद है। हालांकि इस दौरान स्थानीय वजहों से बीच-बीच में बारिश हो सकती है।
दस मिनट राहत के बाद घंटों की आफत
गोरखपुर। शहर में बुधवार दोपहर आई महज दस मिनट की आंधी-बारिश ने विद्युत आपूर्ति को घंटों प्रभावित किया। तेज हवा से बिजली के तारों पर पेड़ की डालियां और होर्डिंग गिरने से शहर कई इलाकों में घंटों बत्ती गुल रही। राप्तीनगर, गंगानगर कॉलोनी, मोहद्दीपुर, बक्शीपुर, लालडिग्गी समेत अन्य इलाकों में लोगों परेशानी का सामना करना पड़ा।
तेज हवा चलते ही निगम के अधिकारियों ने एहतियातन ज्यादातर जगहों की आपूर्ति बंद कर दी। हवा और बारिश थमने के बाद आपूर्ति शुरू करने की कोशिश की गई लेकिन तकनीकी खामी की वजह से लाइन होल्ड नहीं हो रही थी। जांच करने पर पता चला कि तार पर पेड़ की डालियां, होर्डिंग गिरीं हैं, कई जगह तार टूट गए हैं। इसके बाद बिजलीकर्मी व्यवस्था दुरुस्त करने में जुटे। सिविल लाइंस इलाके में एक घंटे बाद आपूर्ति बहाल हुई तो राप्तीनगर के गांधीनगर इलाके में शाम 5:20 बजे बिजली आ सकी। रुस्तमपुर उपकेंद्र से जुड़े छात्रसंघ, कबाड़ी गली इलाके में डेढ़ घंटे से ज्यादा आपूर्ति ठप रही।
बारिश और तेज हवा चलने की वजह से विद्युत आपूर्ति ठप कर दी गई थी। लेकिन तार पर पेड़ की डाल और होर्डिंग गिरने से बाद में भी सप्लाई बाधित हुई। इसे दुरुस्त कर बिजली आपूर्ति बहाल की गई।
एके सिंह, अधीक्षण अभियंता शहरी
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