फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की 54 परियोजनाओं की होगी जांच

Mon, 05 Feb 2018 11:10 PM IST
siddharthnagar
विज्ञापन
विज्ञापन
सिद्धार्थनगर। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनने वाली जिले की 54 सड़कों की गुणवत्ता की जांच शुरू हो गई है। इसमें नौ सड़कें अभी निर्माणाधीन हैं। डीएम के निर्देश पर 20 समितियां गठित कर 10 फरवरी तक सड़कों के भौतिक सत्यापन की रिपोर्ट मांगी गई है। दो सदस्यीय समितियों में एक जिला स्तरीय अधिकारी के अलावा एक तकनीकी विशेषज्ञ भी शामिल है।
विज्ञापन


प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत बनने वाली सड़कों की पांच वर्ष तक न्यूनतम आयु निर्धारित की गई है। इस अवधि में कोई भी टूट-फूट होने या सड़क उखड़ने पर कार्यदायी संस्था को ही उसे दुरुस्त करना होता है। बेहतर गुणवत्ता ही इस योजना की खासियत है। मगर पिछले कुछ वर्षों में योजना के तहत बनने वाली सड़कों की गुणवत्ता में तमाम शिकायतें सामने आईं हैं। कई सड़कें ऐसी हैं, जो बनने के कुछ महीनों बाद ही उखड़ गईं। डुमरियागंज तहसील क्षेत्र में करीब 22 किमी लंबा शाहपुर-सिंगारजोत मार्ग इसकी नजीर है। प्रधानमंत्री सड़क योजना से निर्मित इस सड़क की बदहाली का मुद्दा जनप्रतिनिधियों की अमूमन हर बैठक में उठता है। सेमरी से बिस्कोहर, मन्नीजोत-भरवटिया मुस्तकहम, गौरा से बजहां, नौगढ़-बर्डपुर रोड से महापाली तक कई सड़कें एक-दो साल में ही जर्जर हो र्गइं।

एक फरवरी को हुई समीक्षा बैठक में डीएम कुणाल सिल्कू ने प्रधानमंत्री सड़क योजना से बनी सभी सड़कों के गुणवत्ता सत्यापन का निर्देश दिया था। सत्यापन की जद में आईं सर्वाधिक आठ परियोजनाएं डुमरियागंज ब्लॉक की हैं। वहीं भनवापुर ब्लॉक की 7, इटवा, बर्डपुर, बढ़नी की 6-6, बांसी, जोगिया की 5-5, खुनियांव की 4, मिठवल की 3, नौगढ़, उसका की 1-1 सड़क परियोजना शामिल है।
विज्ञापन


मानक हॉटमिक्स प्लांट, बना दी सामान्य ढंग से
सत्यापन की जद में आई प्रधानमंत्री सड़क योजना की कुल 54 परियोजनाओं में से 9 पर अभी भी काम चल रहा है। इनके निर्माण में व्यापक अनियमितता का मामला सामने आया है। योजना की सड़कों को हॉटमिक्स प्लांट के जरिए बनाने का प्रावधान है, जबकि करीब 13 किमी सड़क को सामान्य ढंग से ही बना दिया गया। मामले को गंभीरता से लेते हुए डीएम ने कार्यदायी संस्था ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के जिम्मेदारों से जवाब तलब करते हुए कार्रवाई की हिदायत दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें