गोरखपुर।
गोला थानाक्षेत्र से किशोरी को अगवा कर रेप के मामले की लीपापोती में जुटी पुलिस एक हफ्ते बाद हरकत में आई है। यह तब हुआ, जब मेडिकल रिपोर्ट में किशोरी से रेप की पुष्टि हुई। अब पुलिस नेे किशोरी को बहला-फुसला कर भगाने के साथ ही मामले में रेप की धारा बढ़ाकर आरोपी देवेंद्र को जेल भेज दिया है। इस मामले में पुलिस की हीलाहवाली और पीड़ित परिवार को इंसाफ दिलाने की लड़ाई ‘अमर उजाला’ ने मजबूती से लड़ी। यह भी दिलचस्प है कि पुलिस को इस मामले में रेप पीड़ित का मेडिकल कराने में एक हफ्ते का समय लग गया।
मेडिकल परीक्षण के बाद न केवल रेप के साथ ही पीड़ित के नाबालिग होेने की पुष्टि भी हो गई, जिसे पुलिस पहले बालिग बताने की कोशिश कर रही थी। बहरहाल, शनिवार को मेडिकल रिपोर्र्ट आने के बाद पुलिस ने रेप आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा दिया है। हालांकि अपहरण के आरोपी दो अन्य युवकों के खिलाफ मामला न दर्ज होने पर पीड़ित और उसके परिजनों ने नाराजगी जताई है।
घटना 17 जून की देररात की है। मामला मीडिया में तूल पकड़ा और पुलिस के आला अफसरों के पास पहुंचा तब गोला पुलिस ने बहला-फुसलाकर किशोरी को भगाने का मामला दर्ज करके खानापूर्ति कर दी। आरोपी को गिरफ्तार करके जेल तक नहीं भेजा गया। तीन दिन बाद किशोरी को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया। इसमें भी लापरवाही हुई। डॉक्टर की गैरमौजूदगी का हवाला देकर पीड़ित को तीन दिन आशा ज्योति केंद्र में रखा गया। दबाव डालकर समझौते की कोशिश कराई गई लेकिन पीड़ित और उसका परिवार आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई पर अड़ा रहा। अब मेडिकल रिपोर्ट में रेप की पुष्टि हुई है। इससे दबाव में आकर ही पुलिस ने रेप की धारा बढ़ाई और आरोपी को गिरफ्तार करके जेल भेजा। पीड़ित परिवार का कहना है कि महिला अपराध से संबंधित इस गंभीर मामले में गोला पुलिस का रवैया बेहद शर्मनाक रहा। पुलिस ने पहले पीड़ित और उसके परिवार को बेइज्जत किया, फिर प्रेम प्रसंग की मनगढ़ंत कहानी गढ़ी। अब मेडिकल रिपोर्ट के साथ ही पुलिस की झूठी कहानी से परदा उठ गया है। पता चल गया कि सीएम सिटी की पुलिस महिला अपराधों में त्वरित कार्रवाई पर असंवेदनशील है।
पीड़ित के पिता ने कहा धन्यवाद अमर उजाला
इस पूरे प्रकरण को प्रमुखता से उठाने के बाद कार्रवाई होने पर किशोरी के पिता ने अमर उजाला को धन्यवाद दिया। पिता ने कहा कि अमर उजाला ने सजग मीडिया का धर्म निभाया है। इसी वजह से पुलिस दबाव में आई और जरूरी औपचारिकता कराके कानूनी कार्रवाई। अब आरोपी को फांसी मिले, इसकी पैरवी की जाएगी। बेटी की अस्मत लूटने वालों को बख्शेंगे नहीं। ........