गोंडा। झंझरी ब्लॉक के शुक्लहाता में आरसीसी सड़क निर्माण में मानकों की अनदेखी का आरोप लगाकर ग्रामीणों ने काम रुकवा दिया। ग्रामीणों का कहना है कि पांच बोरी सीमेंट डालने पर आपत्ति जताई तो ठेकेदार 14 बोरी डालने को तैयार हो गया। शिकायत के बावजूद अधिकारी जांच करने नहीं पहुंचे। रविवार को दोबारा निर्माण शुरू कराने की कोशिश हुई लेकिन ग्रामीण गुणवत्ता की जांच होने तक काम कराने को तैयार नहीं हुए।
पिपरा पदुम निवासी राम ललन पांडेय और मुस्लिम शेख के मुताबिक, शुक्लहाता से पड़रहवा घाट तक 2.30 किलोमीटर सड़क का निर्माण 1.16 करोड़ रुपये से कराया जा रहा है। जलभराव की समस्या के कारण शुक्लहाता में करीब 300 मीटर सड़क आरसीसी से बनाई जा रही है। ग्रामीणों का आरोप है कि शनिवार को निर्माण शुरू होते ही सीमेंट की मात्रा पर सवाल उठाए गए लेकिन शिकायत के बाद भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे।
ग्रामीणों का कहना है कि 15 दिन से निर्माण चल रहा है लेकिन गुणवत्ता की जांच नहीं कराई गई। उन्होंने चेतावनी दी कि मानक स्पष्ट करने और निर्माण की गुणवत्ता की जांच होने तक काम नहीं होने देंगे। आशंका जताई कि मानकों की अनदेखी से सड़क जल्द टूट सकती है और सरकारी धन बर्बाद हो सकता है।
जांच के बाद शुरू होगा काम
अवर अभियंता धीरज कुमार ने बताया कि ग्रामीणों ने सड़क की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने मानकों की अनदेखी से इन्कार किया। अधिशासी अभियंता जेबी सिंह ने कहा कि शिकायत मिली है। निर्माण की जिम्मेदारी अवर अभियंता की है। उनके मौके पर नहीं पहुंचने पर वह खुद जांच करेंगे। लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। ग्रामीणों ने निर्माण रोक दिया है। जांच के बाद ही काम शुरू कराया जाएगा।