गोंडा। मनरेगा की जगह जिले में लागू हुई वीबीजीरामजी योजना से जॉब कार्डधारक श्रमिकों को मजदूरी और रोजगार, दोनों स्तर पर बड़ा फायदा मिलेगा। नई योजना के तहत जिले में सक्रिय 1.32 लाख कार्डधारकों को अब 252 रुपये के बजाय 300 रुपये प्रतिदिन मजदूरी मिलने के साथ ही उनके रोजगार की अधिकतम अवधि भी 100 दिन से बढ़कर 125 दिन हो जाएगी।
नई व्यवस्था बृहस्पतिवार से पूरे देश में एक साथ लागू की गई है। गोंडा जिले में वर्तमान में 1.32 लाख सक्रिय जॉब कार्डधारक हैं, लेकिन वित्तीय वर्ष 2026-27 में मई तक इनमें से केवल 17,440 श्रमिकों को ही रोजगार मिल सका। जो कुल सक्रिय श्रमिकों का लगभग 10 प्रतिशत है। इस अवधि में श्रमिकों को कुल 1.13 लाख मानव दिवस का रोजगार उपलब्ध कराया गया। अधिकारियों का कहना है कि नई योजना लागू होने के बाद अधिक संख्या में श्रमिकों को काम मिलेगा और ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। इससे पलायन रोकने में मदद मिलने के साथ ही जरूरतमंद परिवारों की आर्थिक स्थिति भी मजबूत होगी।
हर ब्लॉक की 11 ग्राम पंचायतों में शुरू होंगे कार्य
उपायुक्त मनरेगा जनार्दन प्रसाद ने बताया कि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिले के सभी विकासखंडों की 11-11 ग्राम पंचायतों में प्रथम चरण में एक-एक विकास कार्य शुरू कराया जाएगा। इसके बाद आवश्यकता के अनुसार अन्य कार्य भी शुरू होंगे , ताकि अधिक से अधिक श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध कराया जा सके। उन्होंने बताया कि नई व्यवस्था के तहत कार्यों की निगरानी पहले की तुलना में अधिक प्रभावी होगी और पारदर्शिता पर विशेष जोर दिया जाएगा। मजदूरी का भुगतान निर्धारित प्रक्रिया के तहत सीधे श्रमिकों के खातों में किया जाएगा।