गोंडा। कूटरचित दस्तावेज से जमीन का बैनामा कर 43 लाख की ठगी के मामले में महिला का नियमित व एक आरोपी का अग्रिम जमानत प्रार्थनापत्र न्यायालय ने खारिज कर दिया है।
खरगूपुर बाजार के रहने वाले शत्रुहन लाल तिवारी ने दो अप्रैल 2025 को खरगूपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें बताया कि सिघा परासी बहराइच में जमीन का सौदा करने के लिए बहराइच के विशेश्वरगंज थाना क्षेत्र के ग्राम खरगौरा जुनूब निवासी दीनानाथ चौहान उर्फ घनश्याम और बालापुर धनही के कप्तान यादव ने अपना फर्जी आधार कार्ड और जमीन का कागज दिखाते हुए कहा कि जमीन मध्य प्रदेश में रहने वाली मालती देवी की है। दोनों ने एडवांस के तौर पर 50 हजार रुपये ले लिए। मालती देवी का फर्जी आधार व पैन कार्ड भेजकर यशबैंक के उसके खाते में एक लाख रुपये जमा करा लिए। मालती देवी बनकर दीनानाथ की पत्नी फोन पर बात करती थी। इसके बाद धोखाधड़ी करते हुए विभिन्न तिथियों में कुल 20 लाख खाते में और 23 लाख रुपये नकद ले लिए। मामले में प्रकाश में आए आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। बृहस्पतिवार को सुनवाई के दौरान अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश चतुर्थ नम्रता अग्रवाल ने आरोपी काजल देवी का नियमित जमानत और दुर्गा प्रसाद राव का अग्रिम जमानत प्रार्थनापत्र खारिज कर दिया।