लंबे इंतजार के बाद पंचायत चुनाव की रविवार को हुई मतगणना के बाद शाम तक 1000 ग्राम पंचायतों में नई सरकार बनने की घोषणा कर दी गई। कड़ी सुरक्षा में कुछ हो हल्ला के बीच मतगणना शांतिपूर्ण निपटी।
गांव के मुखिया बने नए ग्राम प्रधानों को संबंधित आरओ की ओर से जीत का प्रमाणपत्र दिया गया। जीत का प्रमाणपत्र मिलने पर प्रधानों के चेहरे पर खुशी से चहक उठे।
जिले के 16 विकास खंडों की 1044 ग्राम पंचायतों में ग्राम प्रधान के 1044 व सदस्य पद के 13023 के लिए हुए चुनाव में 22,988 उम्मीदवारों के भाग्य का पिटारा रविवार को खोला गया।
अलग-अलग ब्लॉकवार 945 टेबल पर मतगणना की गई। मतगणना स्थलों पर कड़ी सुरक्षा के बीच रविवार को सुबह सात बजे शुरू मतगणना देर शाम तक जारी रही।
शाम तक 1000 हजार ग्राम पंचायतों के परिणाम घोषित कर दिए गए। इस तरह से जिले में 1000 गांवों में नई सरकार बन गई है।
झंझरी ब्लॉक के मतगणना केंद्र जिगर मेमोरियल इंटर कॉलेज में गिर्द गोंडा ग्राम पंचायत की मतगणना के दौरान एजेंटों में किसी बात को लेकर कहासुनी होनी लगी।
वहां मौजूद नगर मजिस्ट्रेट अरुण शुक्ला व सीओ सदर राजेश तिवारी मौके पर पहुंचे। उनके आदेश पर सिपाहियों ने धक्का-मुक्की करने वाले एजेंटों को जमकर पीटा। इस दौरान कई निर्दोष भी पुलिस की पिटाई के शिकार बन गए।
झंझरी ब्लॉक के जिगर मेमोरियल इंटर कॉलेज के आसपास रुझान जानने वालों की भीड़ जमा थी। लोग मतगणना स्थल से 200 मीटर दूर पर खड़े अपने उम्मीदवारों के मतगणना का रुझान जानने में लगे थे।
सड़क पर भीड़ से बचने के लिए लोग पीछे मैदान में धूप का मजा लेने के साथ मतगणना का रुझान जानने के लिए जमा रहे। इसी बीच पहुंचे पुलिस कर्मियों ने न सिर्फ उन्हें दौड़ाया, बल्कि उनकी खड़ी बाइकें भी तोड़ दीं।