अभियोजन कार्याें में गुणात्मक सुधार लाने के लिए पुलिस लाइन सभागार में चल रही दो दिवसीय कार्यशाला का रविवार को समापन हुआ। कार्यशाला को संबोधित करते हुए एसपी सुधीर कुमार सिंह ने कहा कि लंबित विवेचनाओें का निस्तारण शीघ्रता से करें। यदि विवेचनाओं में किसी प्रकार की समस्याएं व तकनीकी खामियां मिलें तो उसे अभियोजन अधिकारियों से सलाह लेकर मामले को निस्तारित करें।
कार्यशाला में ज्येष्ठ अभियोजन अधिकारी वेदप्रकाश वर्मा ने अदालतोें पर चल रहे मामलों में अभिलेखों व साक्ष्यों को मजबूती से पेश कर घटना को साबित कराने संबंधी जानकारियां दीं।
पुलिस उपाधीक्षक डॉ. राजेश तिवारी ने थानाध्यक्षों को गवाह एवं माल मुकदमाती न्यायालयों पर प्रस्तुत किये जाने व साक्ष्यों की सुरक्षा के बारे में बताया।
एसपीओ दान बहादुर पाठक ने थानाध्यक्षों को दैनिक जीडी, केस डायरी के महत्व, केस डायरी का ब्रीफ तैयार करने के बारे में जानकारी दी। अभियोजन अधिकारी मो. याहिया ने अभियोजन में उपधारणा के महत्व, एससी-एसटी एक्ट व पाक्सो एक्ट के बारे में बताया।