डीएम आशुतोष निरंजन ने शुक्रवार को कॉफी विद कलेक्टर कार्यक्रम में विकास खंड बेलसर के ब्लॉक प्रमुख, बीडीओ, एडीओ सहित अन्य अधीनस्थ अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ विकासखंड के चहुंमुखी विकास पर चर्चा की। डीएम ने कहा कि सभी लोग एकजुट होकर विकास कार्य कराएं।
विकास कार्यों पर कड़ा रुख अपनाते हुए डीएम ने बीडीओ सहित अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों को निर्देश दिए कि विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर शिथिलता बरतने की शिकायत किसी भी जनप्रतिनिधि या आम जनता से प्राप्त हुई अथवा स्वयं उनके द्वारा पकड़ी गई तो निश्चित ही कार्यवाही के लिए तैयार रहें।
उन्होंने कहा कि उनका एकमात्र ध्येय है, जनपद का विकास और पात्रों तक सरकार की योजनाओं को पहुंचाना है। इसलिए सभी अधिकारी व कर्मचारी भयमुक्त वातावरण में कार्य करें। परिचर्चा की शुरुआत डीएम ने इंदिरा आवास से की। ज्ञात हुआ कि कई लाभार्थियों के आवास धनराशि निर्गत हो जाने के बाद भी अपूर्ण हैं।
कारण पूछने पर बताया गया कि लाभार्थियों द्वारा मानक की अनदेखी करते हुए आवास बनाए जा रहे हैं, जिसके कारण आवास अभी तक अपूर्ण हैं। इस प्रकरण पर डीएम ने बीडीओ को कड़े निर्देश दिए कि ऐसे लाभार्थियों की सूची बनाकर पहले उन्हें नोटिस दें। फिर बीडीओ, एडीओ स्वयं गांवों में जाकर ऐसे लाभार्थियों से मिलकर उन्हें एक सप्ताह का समय दें। इसके बावजूद यदि लाभार्थी आवास न बनाएं तो उनके खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही करते हुए रिकवरी की कार्रवाई करें।
डीएम ने बीडीओ को ब्लॉक बेलसर के सभी लोहिया आवासों को सितंबर के अंत तक हर हाल में पूर्ण कराकर रिपोर्ट देने को कहा। परिचर्चा के बाद ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि पप्पू सिंह परास ने कहा कि जिलाधिकारी की बात और सोच से लगता है कि जिले को नई दिशा देना चाहते है।
जिलाधिकारी का यह प्रयास और सोच तभी सार्थक होगी, जब हम आप छोटे-बडे़ सभी जन प्रतिनिधि उनका सहयोग करेंगे। हम सब मिलकर डीएम के प्रयासों सफल बनाएं और स्वच्छ गोंडा स्वस्थ गोंडा साक्षर गोंडा बनाने में सहयोग करें। कार्यक्रम ब्लॉक प्रमुख आशाराम, बीडीओ प्रभात कुमार श्रीवास्तव, एडीओ पंचायत युगला शरण शुक्ल, एडीओ आईएसबी ब्रम्हदेव पांडेय, ब्लॉक जेई वीरेंद्र बहादुर सिंह, एपीओ मनरेगा पूनम शुक्ला आदि मौजूद रहे।