जिला पंचायत सदस्य व उसके पति के अपहरण के मामले में नया मोड़ आ गया है। केस दर्ज कराने वाले व्यक्ति तथा अगवा जिला पंचायत सदस्य व उसके पति ने एसपी को शपथ पत्र सहित प्रार्थना पत्र देकर आरोपी डॉ. अनुराग यादव व उनके सहयोगियों को निर्दोष बताया है।
एसपी को शपथ पत्र के साथ दिये गये प्रार्थना पत्र में गैड़ास बुजुर्ग वार्ड की जिला पंचायत सदस्य ग्राम दुधरा निवासी जगरानी व उनके पति ननकन तथा देवर गम्मल का कहना है कि डॉ. अनुराग व अन्य के खिलाफ पुलिस ने धोखे से अपहरण का मुकदमा दर्ज किया है।
वादी मुकदमा गम्मल का कहना है कि उतरौला पुलिस के कहने पर जब उन्होंने डॉ. अनुराग के खिलाफ तहरीर देने से मना किया तो पुलिस ने उन्हें फर्जी मुकदमे में फंसाकर जेल भेजने की धमकी दी।
सादे कागज पर अंगूठा लगवा लिया। इन लोगों ने एसपी से डॉ. अनुराग व अन्य के खिलाफ दर्ज केस वापस लेने तथा उतरौला पुलिस के खिलाफ जांच कराकर कार्रवाई करने की मांग की है।