इनसे बिना सूचना के आंगनबाड़ी केंद्र बंद रखने पर स्पष्टीकरण तलब किया गया है। साथ ही एक सप्ताह में जवाब न देने व संतोषजनक न पाए जाने पर इन्हें बर्खास्त करने की चेतावनी दी गई है।
डीपीओ वीरेंद्र कुमार तिवारी ने बताया कि शनिवार को रेहरा बाजार ब्लॉक के बाल विकास परियोजना कार्यालय व 19 आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया गया।
इस दौरान बाल विकास परियोजना रेहरा बाजार कार्यालय बंद पाया गया। यहां कार्यरत सुपरवाइजर ऊषा मिश्रा, प्रतिमा दुबे, शारदा ओझा व शिवकुमारी का एक माह का वेतन रोक दिया गया है। साथ ही ड्यूटी से नदारद सभी सुपरवाइजर से डीपीओ ने एक सप्ताह में स्पष्टीकरण तलब किया है।
जवाब संतोषजनक न होने पर डीपीओ ने कड़ी कार्रवाई करने की चेतावनी सुपरवाइजरों को दी है। परियोजना पर कार्यरत चतुर्थ श्रेणी कर्मी का अवकाश प्रार्थना पत्र डीपीओ को मिला है। इसके अलावा डीपीओ ने 19 आंगनबाड़ी केंद्रों का भी औचक निरीक्षण किया। इस दौरान सभी 19 आंगनबाड़ी केंद्रों पर ताला लटकता पाया गया।
डीपीओ ने केंद्रों पर कार्यरत 19 आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों व 19 सहायिकाओं से बिना सूचना के केंद्र बंद रखने का स्पष्टीकरण एक सप्ताह में देने का निर्देश दिया है। साथ ही जवाब संतोषजनक न होने और जवाब न देने पर डीपीओ ने संबंधित आंगनबाड़ी कार्यकर्त्री व सहायिका की सेवाएं समाप्त किए जाने की चेतावनी दी है।
डीपीओ ने जिले के सभी सुपरवाइजरों, आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों व सहायिकाओं को नियमित केंद्रों का संचालन करने का निर्देश दिया है।