न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने उपनिबन्धक समेत छह लोगों के विरुद्ध जालसाजी, धोखधड़ी सहित अन्य धाराओं के तहत मुकदमा पंजीकृत किया है।
मामला स्थानीय तहसील अंर्तगत ग्राम सुभागपुर नये पुरवा का है। यहां के निवासी चंद्रप्रकाश की जब किसी ने नहीं सुनी तो वह न्यायालय की शरण में गया। जहां से मुकदमा दर्ज करके विवेचना किये जाने का आदेश दिया गया। जिस पर पुलिस ने मंगलवार को गीता व उनके पति राकेशचंद निवासी ग्राम सुभागपुर नये पुरवा, कृष्णकुमार निवासी सुसुंडा, कृष्णकुमार निवासी सुभागपुर, राधामोहन एडवोकेट तहसील करनैलगंज, व उप निबंधक करनैलगंज के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है। आरोप है कि अपने कारोबार के सिलसिले में चंद्रप्रकाश परिवार के साथ अहमदाबाद, गुजरात में रह रहा है और अपनी खेती गांव के ही राकेश चंद को बटाई पर दे रखी थी।
फरवरी 2015 को वह बटाई के अनाज की धनराशि लेने उनके घर पहुंचा तो वह टालमटोल करने लगे। नौ मार्च को बैंक से रुपया निकाल कर देने को कह साथ में ले गया। जहां चाय में नशीला पदार्थ मिलाकर पिला दिया। हालात खराब होने पर इलाज का बहाना कर उसे करनैलगंज तहसील ले आया और उपनिबंधक सहित अन्य लोगों की मिलीभगत से फर्जी कागजात तैयार करवाकर उसके नाम दर्ज भूमि का बैनामा अपनी पत्नी के नाम करवा लिए। आरोप है कि अब उसे जान से मारने की धमकी भी दे रहे हैं।