करनैलगंज (गोंडा)। उप डाकघर के कर्मचारियों ने 67 लाख के गबन को अंजाम दे डाला। खाताधारकों की शिकायत पर डाकघर के निरीक्षक सुरेश कुमार सोनकर ने जब मामले की जांच की तो हकीकत का पता चला। इस मामले में डाक निरीक्षक ने उप पोस्टमास्टर समेत दस कर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
पुलिस के मुताबिक डाक विभाग में एक बड़ा फर्जीवाड़ा प्रकाश में आया है। उपडाकघर के कर्मचारियों ने खाताधारकों से पैसे लेकर उसे जमा करने के बजाय पासबुक में फर्जी इंट्री कर दी और 67 लाख रुपये की बंदरबांट कर ली। खाताधारकों की पासबुक पर हाथ से इंट्री तो कर दी गई लेकिन, उसे खाते में जमा नहीं किया गया। जब उपभोक्ता पैसा निकालने के लिए आए तो उन्हें पता चला कि पैसा ही नहीं जमा किया गया था।
विभागीय जांच के बाद प्रथमदृष्टया आरोपों की पुष्टि के बाद तत्कालीन डाक सहायक राहुल शुक्ला, रामपाल द्विवेदी, भुवनेश कुमार कुशवाहा, दीपक कुमार सिंह, उप पाेस्टमास्टर सुधीर कुमार वर्मा, आशीष श्रीवास्तव, धीरेंद्र कुमार वर्मा, हरिहरनाथ सिंह, बसंत कुमार व राघवेंद्र कुमार पांडेय के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है। प्रभारी निरीक्षक श्रीधर पाठक ने बताया कि डाकघर से जुड़े सभी तत्कालीन 10 कर्मचारियों के खिलाफ गबन समेत गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक बब्बन सिंह को सौंपी गई है।
तीन हो चुके निलंबित, अन्य स्थानांतरित
डाक सहायक भुवनेश कुशवाहा, तत्कालीन कुर्था शाखा के दीपक कुमार सिंह, चमरूपुर उप पोस्टमास्टर सुधीर कुमार वर्मा को निलंबित किया जा चुका है। जबकि करनैलगंज के तत्कालीन डाक सहायक हरिनाथ सिंह सेवानिवृत्त हो चुके हैं। तत्कालीन डाक सहायक राहुल शुक्ला का बाराबंकी, तत्कालीन एमटीएस बसंत कुमार का उप डाकघर बस स्टेशन गोंडा, तत्कालीन डाक सहायक राघवेंद्र पांडेय का परसपुर, तत्कालीन उपपोस्टमाटर आशीष श्रीवास्तव का बलरामपुर, तत्कालीन उपपोस्टमाटर रामपाल द्विवेदी का एपीएम (मेल) गोंडा स्थानांतरण हो चुका है।