गोंडा। कृषि कानून के विरोध में प्रदर्शन कर रहे किसानों के समर्थन में कई राजनीति दल भी आ गए हैं। केंद्र सरकार की नीति के विरोध में प्रदर्शन कर किसानों की समस्याओं को उठाया। केंद्र सरकार के फैसले का विरोध किया और किसान हित में फैसला लेने की मांग किया। सोमवार को सपा के साथ ही प्रसपा व कांग्रेस ने भी किसानों के समर्थन में प्रदर्शन किया। करनैलगंज में पूर्व मंत्री योगेश प्रताप सिंह ने सपा नेताओं और कार्यकर्त्ताओं के साथ बैलगाड़ी, ट्रैक्टर रैली करके कृषि कानून का विरोध किया। वहीं मनकापुर में सपा नेताओं ने तेवर दिखाए। प्रसपा के जिलाध्यक्ष सुरेेश शुक्ल ने ज्ञापन सौंपा और कांग्रेस की ओर से किसानों के पक्ष में रथयात्रा निकाली गई। पूरे दिन किसानों के हक में राजनीतिक दलों ने आवाज बुलंद की और केन्द्र सरकार को घेरा।
करनैलगंज में केंद्र सरकार की किसान कानून के विरोध में सोमवार को सपा ने विरोध प्रदर्शन कर ट्रेक्टर, बैलगाड़ी व मोटरसाइकिल से रैली निकाली। पूर्व मंत्री योगेश प्रताप सिंह के नेतृत्व में नगर करनैलगंज के सकरौरा चौराहे से किसान यात्रा निकाली गई। बैलगाड़ी पर यात्रा को सम्बोधित करते हुये पूर्व मंत्री ने कहा सरकार द्वारा पारित की गई कानून यदि वापस नही हुई तो किसानो की समस्या बढ़ने के अलावा कभी कम नही होगी। कानून वापसी की मांग कर रहे किसानों के ऊपर इस ठंढी में पानी के फुहारे बरसाये गये, लाठियों से उनकी पिटाई की गई। क्या दोष है उनका वह तो अपने हक के लिये लड़ रहे हैं। यही कार्य हिटलर व सद्दाम हुसैन ने किया था। उनका क्या हस्र हुआ, किसी से छिपा नही है।
करनैलगंज की समस्याओं को भी उठाया, कहा कि यहां जमीन कब्जा हो गई, कोई विधवा, कमजोर, स्कूल, अस्पताल की जमीन नही बची, सपा की सरकार आते ही सारी जमीन खाली होगी। उन्होंने कहा कि मेरे द्वारा बनाई गई सड़को को अवैध खदान से बालू ले जाने वाले ओवरलोड ट्रकों ने बरबाद करके गड्ढे में बदल दिया है। इस सरकार में गन्ने के मूल्य में एक रुपये की बढोत्तरी नही की गई। गन्ने की बकाया मूल्य भी किसानों को नही दिया जा रहा है। सकरौरा चौराहे से ट्रेक्टर व बाइक से यात्रा अस्पताल चौराहा, सुक्खा पुरवा चौराहा, चौक घन्टा घर, नई बाजार से बस स्टॉप चौराहा होते हुये चकरौत चौराहा पहुंची। जहां राज्यपाल को सम्बोधित 9 सूत्री ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा। इस कार्यक्रम में भारी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया। फहीम अहमद उर्फ पप्पू, विधान सभा अध्यक्ष जगपाल सिंह, चन्द्रेश प्रताप सिंह, अरुण कुमार वैश्य, राहुल सिंह, सन्तोष सिंह, सरदार राजेंद्र सिंह, गणेश पांडेय, अवधेश कुमार सिंह राठौर, आवेश रायनी, जमील रायनी, मुन्ना कुरैशी, कपिल मिश्रा, सुरेश यादव, रामतेज यादव, सुंदरलाल, सरदार अवतार सिंह सहित भारी संख्या में लोग मौजूद रहे।
बाइक रैली निकाल किसानों के हक में उठाई आवाज
मनकापुर (गोंडा)। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के आह्वान पर सोमवार को मनकापुर विधानसभा के पूर्व विधायक राम विशुन आजाद के नेतृत्व में दर्जनों सपा कार्यकर्ताओं ने किसानों के समर्थन में बाइक रैली निकाली। मूसे गंज, भिटौरा, दिलीप पुरवा, अम्बरपुर, बक्सरा आज्ञाराम, मरौट्टिया, हरनाटायर, झिलाही बाजार, बैरीपुर, मनकापुर बाजार, बन्दरहा आदि गांवों में बाइक रैली निकाली। इस दौरान सपाइयों ने किसानों की आय बढ़ाओ और खेती-किसानी बचाओ के गगन भेदी नारा लगाते हुए केंद्र सरकार से किसान विरोधी कृषि कानून को वापस लेने की मांग की। इस मौके पर पूर्व प्रमुख बलराम यादव, विजय आजाद, अजय आजाद, सतीश आजाद, गोलू, पप्पू पांडेय, राम अजोर वर्मा, राजन यादव, पंकज श्रीवास्तव आदि लोग मौजूद रहे।
प्रसपा ने धरना देकर एडीएम को सौंपा ज्ञापन
गोंडा। प्रगतिशील समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव के निर्देश पर नए कृषि कानून में संशोधन समेत किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर सोमवार को जिलाधिकारी कार्यालय पर धरना दिया। धरना के उपरांत कार्यकर्ताओं ने जिलाध्यक्ष सुरेश शुक्ल की अगुवाई में प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा। एडीएम को सौंपे ज्ञापन के माध्यम से प्रधानमंत्री को अवगत कराया गया कि जिले समेत पूरे प्रदेश में किसानों को धान बेचने में बड़ी समस्या आ रही है। अन्नदाता अपना धान 800 से 1000 रुपया क्विंटल तक बेचने पर मजबूर हैं। ज्ञापन के माध्यम से नए कृषि कानून को समाप्त करने, किसानों के फसलों का समर्थन मूल्य बढ़ाये जाने व गन्ना किसानों को गन्ना क्रय तथा भुगतान में हो रही समस्या का समाधान कराये जाने की मांग की। ज्ञापन देने वालों में प्रमुख महासचिव जमाल मोहम्मद चौधरी, गोविंद शिल्पकार, मदनमोहन मिश्र, अंकित शुक्ल, कारी साहब, अजीम वारसी आदि उपस्थित रहे।
बसपा ने भी बंदी के समर्थन में किया ऐलान
वहीं बसपा नेता मसूद आलम खां ने किसानों के आंदोलन का समर्थन किया है। मंगलवार को किसानों की ओर से भारत बंद के आह्वान पर व्यापारियों से अपील की है कि किसानों का सभी लोग साथ दें। कहा कि कोरोना संकट में चार महीने दुकानें बंद रखीं अब एक दिन दोपहर तीन बजे तक कारोबार बंद करके किसानों के साथ रहें। उन्होंने केंद्र सरकार के रवैय्ये पर नाराजगी जताई और किसान हित में कृषि कानून वापस लेने की मांग की।