मुख्यमंत्री संदर्भ से संबंधित शिकायतों के निस्तारण में भ्रामक व झूठी रिपोर्ट लगाने में बीएसए समेत जिले के 31 अफसर फंस गए है। सीडीओ ने सोमवार को 16 खंड विकास अधिकारियों समेत 15 जिला स्तरीय अफसरों को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
आम लोगों की शिकायतों का निस्तारण में लापरवाही तो आम बात है, लेकिन जिले के अफसर मुख्यमंत्री संदर्भ की शिकायतों के निस्तारण में भी लापरवाही बरत रहे हैं। सीडीओ की समीक्षा बैठक के दौरान इसका खुलासा हुआ है।
19 अक्तूबर को शिकायतों के निस्तारण की हकीकत जानने के लिए सीडीओ जयंत कुमार दीक्षित ने जिले के अफसरों की समीक्षा बैठक बुलाई थी। इस दौरान पाया गया कि जिले के अधिकारी शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही बरत रहे हैं।
यहां तक कि मुख्यमंत्री संदर्भ की शिकायतों के निस्तारण में अधिकारी रुचि नहीं ले रहे हैं। जिससे आईजीआरएस के पोर्टल पर तमाम शिकायतें लंबित हैं। इसके अलावा जिन शिकायतों का निस्तारण भी किया गया है, झूठी रिपोर्ट लगा दी गई है। इस पर सीडीओ ने 16 बीडीओ समेत जिले के 15 अफसरों से जवाब तलब किया है।
जवाब मांगने वालाों में बीएसए, डीएसओ, जिला पंचायत राज अधिकारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जिला विकलांग कल्याण अधिकारी,अधिशाषी अभियंता,प्रांतीय खंड लो नि वि,अधिशाषी अभियंता,ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, परियोजना निदेशक,जिला ग्राम्य विकास अभिकरण, परियोजना अधिकारी नेडा, अधिशाषी अभियंता,जल निगम निर्माण खंड प्रथम, जिला क्रीड़ा अधिकारी,अधिशाषी अभियंता,विघुत खंड प्रथम, जिला उपायुक्त श्रमरोजगार, अधीक्षक, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण छपिया, जिला सेवा योजन अधिकारी, प्रशिक्षण एवं सेवायोजन व 16 विकास खंडों के खंड विकास अधिकारी शामिल हैं।