गोंडा। कटरा बाजार के मनरेगा योजना में हुए घपलों पर कार्रवाई के लिए तैयारी होती रही। दो ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों के निलंबन के साथ ही दोषियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराने की तैयारी पूरी की गई है। मामले में तत्कालीन अफसरों के साथ ही अवर अभियंता व तकनीकी सहायक के विरुद्ध कार्रवाई की तैयारी है। कटरा बाजार ब्लॉक के अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी भी कार्रवाई के दायरे में आ गए हैं। कटरा बाजार ब्लॉक के पंचायतों में हो रहे गोलमाल को लेकर शासन स्तर से कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। अपर आयुक्त मनरेगा ने खुद गांव में जांच करके बड़े स्तर पर घपला पकड़ा था और कार्रवाई के निर्देश दिए थे।
मनरेगा घपले का खुलासा वैसे तो कटरा बाजार में कई बार हो चुका है। लेकिन कार्रवाई आगे नही बढ़ सकी थी। अपर आयुक्त योगेश कुमार की जांच में गोड़वा व भराथा इटहिया गांव में घपले मिले थे। एक ही कार्य के दो आईडी जनरेट करके 51 लाख का अनियमित भुगतान के मामले का खुलासा हुआ है। इसके अलावा ब्लॉक में मनरेगा से तैयार हुए 22 करोड़ की दो हजार से अधिक की परियोजनाओं में 17 करोड़ के कार्य अब तक कराने का दावा किया गया है। इसमें बड़े पैमाने पर गोलमाल बताया जा रहा है।
सीडीओ आशीष कुमार की जांच में भी उर्दी गोंड़ा समेत तीन गांवों में गोलमाल मिल चुका है। इस बार घपले के मामले में दो ग्राम विकास अधिकारी पवन कुमार गुप्ता व बृजेश तिवारी को निलंबित किया जा चुका है। इसके अलावा पूरे मामले में अवर अभियंता, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी, तकनीकी सहायक की भूमिका भी संदिग्ध मिली है। उनकी मिलीभगत से ही आईडी जनरेट किए जाने की बात सामने आई है। सोमवार को दिनभर की कसरत में जिम्मेदारों को सूचीबद्ध करने के साथ ही उनके आरोपों को तैयार किया गया है। सीडीओ की देखरेख में तैयार हो रही रिपोर्ट में ब्लॉक के कुछ और जिम्मेदार निशाने पर है। घपले के मामले एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी पूरी कर ली गई है। सीडीओ आशीष कुमार का कहना है कि घपलों को रोकने के लिए हर स्तर पर कार्रवाई की जा रही है। मुकदमा दर्ज कराने की कार्रवाई होगी।