गोंडा। महाविद्यालयों में शिक्षक और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के बाद अब छात्र-छात्राओं की बायोमीट्रिक उपस्थिति को अनिवार्य कर दिया गया है। इसके लिए श्रीलाल बहादुर शास्त्री महाविद्यालय प्रशासन ने जल्द व्यवस्था लागू करने के लिए जरूरी तैयारियां शुरू कर दी हैं। हालांकि, एक साथ आठ हजार से अधिक छात्रों की बायोमीट्रिक करना महाविद्यालय प्रशासन के लिए चुनौती होगी।
शासन स्तर से शिक्षक व कर्मचारियों की उपस्थिति बायोमीट्रिक करने के बाद छात्र-छात्राओं की उपस्थिति बायोमीट्रिक की गई है। इसके लिए शासन स्तर से शासकीय व अनुदानित महाविद्यालयों के प्रधानाचार्यों व प्रबंधकों के साथ बैठक की गई थी। जिसको लेकर शासन स्तर के अधिकारियों ने बायोमीट्रिक कराने के निर्देश दिए हैं। माना जा रहा है कि छात्रों की उपस्थिति के आधार पर आगामी वर्षों में छात्रवृत्ति जारी की जा सकती है। इसके लिए छात्रों की 75 फीसदी उपस्थिति को अनिवार्य किया जाएगा।
सभी कॉलेजों में होगी व्यवस्था
विभागीय जानकारों के मुताबिक, जिला मुख्यालय स्थित एलबीएस पीजी कॉलेज और बभनान के आचार्य नरेंद्र देव किसान पीजी कॉलेज समेत करीब 82 महाविद्यालय हैं। जिसमें हर साल लाखों की संख्या में छात्र-छात्राएं स्नातक और परास्नातक समेत डिग्री हासिल करते हैं। ऐसे में राज्यपाल और शासन स्तर से जारी आदेशों के आधार पर सभी कॉलेजों में बायोमीट्रिक कराना अनिवार्य होगा।
जल्द लागू होगी व्यवस्था
छात्रों की उपस्थिति के लिए बायोमीट्रिक व्यवस्था लागू करने के निर्देश मिले हैं। जिसको लेकर महाविद्यालय स्तर पर जरूरी तैयारियां शुरू की गई हैं। शासन की मंशा के अनुरूप जल्द से जल्द बायोमीट्रिक कराया जाएगा।
- रवींद्र पांडेय, प्राचार्य एलबीएस पीजी कॉलेज