मनकापुर(गोंडा)। फार्मासिस्ट से मारपीट के बाद सोमवार रात मनकापुर सीएचसी में स्वास्थ्य सेवाएं ठप हो गईं। करीब 16 घंटे बाद सेवाएं बाधित रहीं, जिससे मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा। मंगलवार दोपहर मुकदमा दर्ज होने के बाद स्वास्थ्य सेवाएं बहाल हुईं।
सीएचएसी में तैनात फार्मासिस्ट विश्वनाथ मिश्र ने बताया कि सोमवार रात करीब साढ़े आठ बजे बैरीपुर रामनाथ निवासी अरुण कुमार पांडेय को घायलावस्था में सीएचसी लाया गया। उनके साथ छह तीमारदार थे। इमरजेंसी में तैनात डॉक्टर आदित्य ने उपचार शुरू किया। इसी बीच तीमारदारों ने डॉक्टर के साथ अभद्रता शुरू कर दी। फार्मासिस्ट विश्वनाथ ने विरोध जताया तो उनकी पिटाई करने के साथ ही रजिस्टर फाड़ दिए। मारपीट के बाद तीमारदार भाग गए। घटना से नाराज स्वास्थ्यकर्मियों ने स्वास्थ्य सेवाएं ठप कर दीं। मंगलवार सुबह न ओपीडी का ताला खुला न ही इमरजेंसी में डॉक्टर बैठे। स्वास्थ्यकर्मियों ने सामूहिक हड़ताल का ऐलान कर दिया। इससे सीएचसी आने वाले मरीज उपचार के लिए भटकते रहे। कई मरीजों ने निजी अस्पतालों में उपचार कराया। दोपहर करीब 12 बजे फार्मासिस्ट विश्वनाथ की तहरीर पर एक नामजद व दो अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया। इसके बाद सीएचसी की स्वास्थ्य सेवाएं बहाल हुईं। प्रभारी निरीक्षक संतोष कुमार मिश्र ने बताया कि एक नामजद व दो अज्ञात के खिलाफ विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है। आरोपियों की पहचान कर गिरफ्तारी की जाएगी।
विगत 23 अप्रैल को दो युवकों ने मनकापुर सीएचसी में घुसकर कर्मचारी को जमकर पीटा था। मौके पर पहुंची पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में लेकर रिपोर्ट दर्ज की थी। सीएचसी अधीक्षक डॉ. एसएन सिंह ने बताया कि 23 अप्रैल की दोपहर नशे की हालत में जख्मी दो युवक सीएचसी पहुंचे थे। ड्रेसिंग के दौरान युवकों ने स्टाफ से अभद्रता की। आयुष्मान मित्र वीरेंद्र पांडेय को पीटकर जख्मी कर दिया था।