गोंडा। विकास कार्यों को गतिमान बनाने के साथ ही ग्राम पंचायत स्तर पर मिलने वाली जन सुविधाओं का फायदा अब तय मियाद में मिलेगा। इसके लिए जिले की 1214 ग्राम पंचायतों में स्वाधीनता दिवस से सिटीजन चार्टर को लागू किए जाने की कवायद अंतिम दौर में है। शासन की ओर से जारी माडल सिटीजन चार्टर को जिले की ग्राम पंचायतों में 15 अगस्त से लागू किए जाने की बात कही जा रही है।
‘मेरी पंचायत, मेरा अधिकार जन सेवाएं हमारे द्वार’ अभियान के माध्यम से गांव की सरकार को आम लोगों के प्रति जवाबदेह बनाया जाएगा। इससे आम लोगों को यह पता चल सकेगा कि इस सुविधा का लाभ या समस्या का निस्तारण एक तय मियाद में हो जाएगा। यह पहल सिटीजन चार्टर के तहत हो रही है। पंचायत राज विभाग ने इसके लिए माडल सिटीजन चार्टर भी तैयार कराया है, जिसमें कई जन सुविधाओं का उल्लेख है। ग्राम पंचायतें अपनी सहूलियत से उसे अपना सकती हैं। ग्राम पंचायतों को स्वतंत्रता दिवस पर गांवों के पंचायत भवन पर सिटीजन चार्टर की सूची और निस्तारण की अवधि की सूचना चस्पा करनी होगी।
संशोधन करने का पंचायत को अधिकार
- शासन ने माडल सिटीजन चार्टर में प्रशासनिक, विकास, पेयजल पूर्ति, स्वच्छता-साफ सफाई, सामुदायिक संपत्ति, समाज कल्याण, शिक्षा, स्वास्थ्य, कोविड व डिजिटल की करीब 39 सुविधाओं का उल्लेख किया है। पंचायतें इनमें से कुछ या फिर इसके अलावा अन्य सुविधाएं दे सकती हैं। जिले की 1214 ग्राम पंचायतें सिटीजन चार्टर के घेरे में आएंगी। इसकी घोषणा पंचायतें 15 अगस्त तक करेंगी। इससे पहले ‘मेरी पंचायत, मेरा अधिकार-जनसेवाएं हमारे द्वार’ अभियान शुरू हो चुका है।
भ्रष्टाचार को रोकने में मिलेगी मदद
- गांवों में इससे न केवल विकास कार्यों को गति मिलेगी वरन भ्रष्टाचार के खिलाफ भी लगाम कसेगी। ग्राम पंचायतों में सिटीजन चार्टर लागू होने से इससे संबंधित सभी सुविधाएं समयबद्ध रूप से मिलेगी। इसके लागू होने से गांव की सरकार को आमलोगों के प्रति जवाबदेह बनना होगा। तय समय में समस्या का निस्तारण न किए जाने पर इसका कारण भी बताना होगा।