गोंडा। क्षेत्र में बंदरों के खौफ से थाने के पुलिसकर्मी, ब्लॉक के अधिकारी, कर्मचारी व यहां आने वाले लोग दहशत में हैं। दो सप्ताह में आधा दर्जन ब्लॉक कर्मियों व आठ पुलिस कर्मियों के साथ लगभग तीन दर्जन लोगों को घायल कर चुके बंदरों का आतंक कम नहीं हो रहा है। इनमें से एक खूंखार हो चुके बंदर को पकड़वाने के लिए पुलिसकर्मी व ब्लॉक के कर्मचारी वन विभाग एवं नगर पंचायत से गुहार लगा चुके हैं, मगर जिम्मेदार अंजान बने हुए हैं।
दूसरे को सुरक्षा देने वाले पुलिसकर्मी अपने आप को बंदर से असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। कुछ सप्ताह पहले उपनिरीक्षक को काटा था वहीं एक सिपाही को दौड़ा लिया था। रविवार की शाम को कटरा थाने के अपराध निरीक्षक संतोष कुमार सिंह के पांच साल बेटे को बंदर ने कान व सिर के पीछे काट लिया। वहीं उसे बचाने दौड़े सिपाही अवनीश को भी बंदर ने चार से पांच जगह काटा। इसी तरह रोड पर निकलने वाले करीब एक दर्जन राहगीरों को काटकर घायल कर चुका है। पुलिस कर्मियों ने बताया कि खूंखार हो चुके बंदर को पकड़ने के लिए नगर पंचायत के अध्यक्ष व ईओ से कई बार कह चुके हैं, फिर भी नगर पंचायत को बंदर पकड़ने की टीम नहीं मिल पाई है। उपजिलाधिकारी करनैलगंज भारत भार्गव ने बताया कि इसके लिए नगर पंचायत कटरा बाजार के ईओ डीडी सिंह को आदेशित किया गया है कि टीम बुलाकर उसे जल्द से जल्द पकड़वाएं।