बलरामपुर। पुलिस महकमे की गतिविधियों पर हाईटेक निगरानी बढ़ाई गई है। सीसीटीएनएस साॅफ्टवेयर से फुट पेट्रोलिंग एप व पोर्टल पर पैदल गश्त के साथ परेड आदि की फोटो अपलोड करनी होगी। यही नहीं एप से लोकेशन का भी पता चल सकेगा। इससे अब पुलिसकर्मी मनमानी नहीं कर सकेंगे।
जिले में क्राइम पर नकेल कसने के लिए सभी थाना प्रभारी और आला अधिकारियों को शहर, कस्बा, बाजार और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पैदल गश्त करने का निर्देश शनिवार को मंडलीय बैठक में डीआईजी अमरेंद्र प्रसाद सिंह ने दिया था। ताकि अपराधियों में भय हो और लोग अपने को सुरक्षित महसूस कर सकें। फुट पेट्रोलिंग के नाम पर जवानों और अधिकारियों द्वारा सेल्फी भेजकर खानापूर्ति करने की प्रक्रिया नहीं चलेगी।
पुलिस विभाग ने थानेवार पुलिस जवानों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए यूपी पुलिस फुट पेट्रोलिंग एप व पोर्टल बनाया है। जिले के सभी थाना क्षेत्रों में रोजाना होने वाली पैदल गश्त, चेकिंग, परेड व अन्य गतिविधियों की फोटो सहित पूरा ब्योरा अपलोड करना है। इससे मुख्यालय के आलाधिकारी नजर रख रहे हैं। गृह विभाग थानावार इसकी नियमित समीक्षा करेगा।
इस एप को स्मार्टफोन में डाउनलोड कर या कंप्यूटर पर लिंक के माध्यम से खोला जा सकता है। थानेवार यूजर आईडी व पासवर्ड उपलब्ध कराया गया है। यूपी पुलिस फुट पेट्रोलिंग एप व पोर्टल पुलिस मुख्यालय के डाटा सेंटर से संचालित हो रहा है।
एसपी लेवल के अधिकारी के अनुमोदन के बाद केवल उसी दिन ब्योरे को संशोधित किया जा सकेगा। इसके माध्यम से दैनिक, साप्ताहिक, मासिक व अब तक हुई प्रगति की जानकारी भी की जा सकेगी। पुलिस पर लगने वाले लापरवाही के आरोपों में कमी आएगी।
फैक्ट फाइल -
पुलिस थाना - 16
पुलिस चौकी - 44
सीओ सर्किल - चार
आबादी - 26 लाख
होती है मासिक समीक्षा
फुट पेट्रोलिंग एप पर परेड व पैदल गश्त की फोटो प्रतिदिन अपलोड करनी है, इसकी शुरुआत हो चुकी है। राज्य स्तर से इसकी निगरानी होती है। मासिक समीक्षा होती है, इससे कार्य में काफी सुधार हो रहा है।
- नम्रिता श्रीवास्तव, अपर पुलिस अधीक्षक