मनरेगा कार्मिकों ने कलेक्ट्रेट में गुरुवार को सरकार के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान मनरेगा योजना के तहत कार्यरत कार्मिकों की सेवा नियमावली व वेतन विसंगतियों को दुरस्त कराने की मांग करते हुए आरपार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। तीन दिवसीय कार्य बहिष्कार कर मनरेगा कार्मिकों ने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। प्
रदर्शन के बाद मनरेगा कार्मिकों ने मुख्यमंत्री सहित ग्राम्य विकास मंत्री व प्रमुख सचिव ग्राम्य विकास के नाम संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा।
उत्तर प्रदेश मनरेगा कार्मिक संघ के जिलाध्यक्ष सुशील कुमार सिंह, उपाध्यक्ष संजय कुमार विश्वास व सचिव अतुल कुमार मिश्र के नेतृत्व में गुरुवार को कलेक्ट्रेट में एकजुट होकर जिले भर के मनरेगा कार्मिकों ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए आंदोलन का बिगुल बजा दिया है।
धरने को संबोधित करते हुए पदाधिकारियों ने कहा कि 11 महीनों से मानदेय का भुगतान नहीं किया गया है। मानदेय भुगतान न होने से मनरेगा कार्मिकों के समक्ष भुखमरी का संकट उत्पन्न हो गया है।
कई वर्षों से मानदेय में सरकार ने बढ़ोत्तरी भी नहीं किया है। मनरेगा कार्मिक अतुल कुमार मिश्र, आंनद कुमार चौधरी, संतोष कुमार यादव, राजेश कुमार श्रीवास्तव आदि ने धरने को संबोधित करते हुए कहा कि लड़ाई लड़ने के लिए हम सभी ने पूरी तैयारी कर ली।
मांगे पूरी न होने तक हमारा आंदोलन जारी रहेगा। छह फरवरी को अनिश्चतकालीन हड़ताल कर हम अपनी ताकत दिखाएंगे। धरना-प्रदर्शन के दौरान जिले के सभी नौ ब्लॉकों के मनरेगा कार्मिकों ने अपनी मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया।