गोंडा। मेडिकल कॉलेज को एक बड़ी सौगात मिली है। शासन ने सहायता अनुदान के तहत चार करोड़ 91 लाख सात हजार रुपये की पहली किस्त जारी की है। इस बजट से अस्पताल व लैब में उपयोग होने वाले आवश्यक संसाधनों की व्यवस्था की जाएगी।
उत्तर प्रदेश शासन के उप सचिव चंद्रशेखर मिश्र ने मेडिकल कॉलेज के लिए अनुदान की पहली किस्त जारी की है। इससे जरूरी चिकित्सा सामग्रियों की एडवांस खरीद की जाएगी। किसी भी जरूरी संसाधन के खत्म होने से पहले ही उसका क्रयादेश जारी करना अनिवार्य होगा। इससे चिकित्सा सेवाएं सुचारु रहेंगी तथा मरीजों को निर्बाध उपचार उपलब्ध होगा।
प्रधानाचार्य ने पैथोलॉजी, मेडिसिन, सर्जरी, स्त्री रोग, एनाटॉमी व बायोकेमिस्ट्री सहित विभिन्न विभागाध्यक्षों को हाल ही में खत्म होने वाले आवश्यक संसाधनों की सूची तैयार कर करने का निर्देश दिया गया है। ओपीडी व आइपीडी में मरीजों को दिए जाने वाले सीरिंज, ग्लव्स, बैंडेज और आपातकाल में उपयोग होने वाले आवश्यक उपकरणों का स्टॉक भी बढ़ाया जाएगा, जिससे अचानक बढ़ने वाली मरीजों की संख्या की स्थिति में भी अस्पताल तैयार रहे।
दुरुस्त की जाएंगी व्यवस्थाएं
शासन की ओर से जारी बजट से चिकित्सालय में जरूरी चिकित्सा सामग्रियों की खरीद की जाएगी। सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश दिया गया है कि जरूरी सामग्री खत्म होने के पूर्व की क्रयादेश जारी कर खरीद करवा लें ताकि मरीजों को परेशानी का सामना न करना पड़े। - डॉ. धनंजय श्रीकांत कोटास्थाने, प्रधानाचार्य