बभनान (गोंडा)। गोरखपुर- गोंडा रेल खंड पर स्थित बभनान रेलवे स्टेशन के पास मालगाड़ी के सामने कूदकर जान देने वाला सॉफ्टवेयर इंजीनियर दो साल पूर्व नौकरी जाने से तनाव में रहने लगा था। नौकरी गंवाने के बाद वह खुद का शिक्षण प्लेटफॉर्म लांच करना चाहता था। मगर पैसों की कमी के कारण उसका यह सपना पूरा नहीं हो पाया। जिससे उसने खुदकुशी कर ली।
खोड़ारे थाना क्षेत्र के तिलया गांव निवासी सॉफ्टवेयर इंजीनियर लोचन गुप्ता ने बभनान रेलवे स्टेशन पश्चिमी छोर पर मालगाड़ी के सामने कूदकर जान दे दी थी। रामशंकर के तीन बेटों में लोचन मझला, बड़ा बेचन व छोटा गयादीन गुप्ता है। लोचन के बड़े भाई बेचन ने बताया कि लोचन बंगलुरू की एक कंपनी ने 30 लाख के सालाना पैकेज पर सॉफ्टवेयर इंजीनियर की नौकरी कर रहा था। दो साल पूर्व की उसकी नौकरी चली गई तो वह तनाव में रहने लगा और घर लौट आया। मगर उसने हिम्मत नहीं हारी और खुद का शिक्षण प्लेटफॉर्म लांच करने की तैयारी में जुट गया। लेकिन पैसों की कमी के कारण उसका यह सपना पूरा होता नहीं दिखाई पड़ा। जिससे उसने जान गवां दी।