गोंडा। मनकापुर क्षेत्र में दहेज उत्पीड़न और पत्नी की हत्या के मामले में शुक्रवार को न्यायालय ने फैसला सुनाया। इसमें दोषी पति को आजीवन कारावास और 25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। जबकि ससुर व सास को न्यायालय ने दोषमुक्त किया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) अमित कुमार पाठक ने बताया कि सिद्धार्थनगर जिले में त्रिलोकपुर थाना क्षेत्र के ग्राम बौनाजोत निवासी केशव गिरी ने दो जुलाई 2020 को मनकापुर कोतवाली में तहरीर दी थी। इसमें कहा कि उसने अपने बेटी किरन की शादी ग्राम गोसाईंपुरवा मौजा अशरफपुर निवासी राजेश से की थी। कुछ दिन बाद से ही पति राजेश, ससुर संतराम, सास गायत्री व दो ननद दहेज की मांग कर किरन को प्रताड़ित करने लगे। दहेज न दे पाने के कारण सभी ने मिलकर किरन को मार डाला।
पुलिस ने केस दर्ज कर विवेचना की और आरोपी पति व सास-ससुर के खिलाफ न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया। ट्रायल के दौरान अदालत ने आरोपी राजेश को दोषसिद्ध किया और साक्ष्य के अभाव में संतराम व गायत्री को दोषमुक्त कर दिया। शुक्रवार को निर्णय सुनाते हुए अपर सत्र न्यायाधीश-तृतीय राजेश कुमार-3 ने राजेश को आजीवन कारावास और 25 हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया।